बिहार के भागलपुर का नवगछिया इलाके के एक मकान में एक-एक कर 21 रसोई गैस सिलेंडरों में धमाके हुए। इससे पूरा इलाका थर्रा उठा। लोगों में दहशत व अफरातफरी मच गई। लोग घरों से भाग निकले। धमाकों से लगी आग की लपटें दूर तक दिखाई दीं। अभी आग की वजह पता नहीं चली है। माना जा रहा है कि अवैध सिलेंडर रिफिलिंग का काम किया जा रहा था, तभी यह घटना हुई।
घटना के बाद मकान मालिक परिवार सहित घर छोड़कर फरार हो गया है। भागलपुर के एसडीओ यतेंद्र कुमार पाल के अनुसार मकान मालिक के खिलाफ केस दर्ज कर उसे जल्द गिरफ्तार किया जाएगा। इस बात की जांच चल रही है कि बिना किसी लाइसेंस के इतनी बड़ी संख्या में उसके पास इतने गैस सिलेंडर कहां से आए थे? पुलिस ने मौके से 60 से ज्यादा सिलेंडर जब्त किए हैं।
सिलेंडरों में धमाके व आग की घटना शुक्रवार दोपहर करीब सवा एक बजे हुई। नवगछिया के नोनियापट्टी में रामचन्द्र साह के घर में ये यह धमाका हुआ। इससे उनके आसपास के कई अन्य घरों में भी आग लग गई। आग बुझाने के दौरान रामचन्द्र साह का चेहरा भी झुलस गया। दो अन्य भी झुलसे हैं।
पुलिस के अनुसार घटना के बाद रामचंद्र परिवार और बच्चों के साथ घर के जरूरी कागजात लेकर भाग गया। आग से उसका घर तबाह हो गया है। पुलिस ने क्षेत्र में कम्युनिस्ट कार्यालय में रखे 63 गैस सिलेंडर को जब्त कर लिया है। इनमें से कुछ खाली थे। सिलेंडरों में धमाके व आग के बाद अफरातफरी मच गई।
बताया गया है कि आरोपी रामचन्द्र साह पहले भारत गैस एजेंसी में काम करता था। बाद में उसने गैस एजेंसी की मिलीभगत से गैस सिलेंडर की कालाबाजारी का धंधा शुरू कर दिया। वह अपने घर पर 200 से 300 सिलेंडर रखता था। यहीं से वह सिलेंडरों की कालाबाजारी करता था।
एसडीपीओ दिलीप कुमार ने बताया कि रहवासी इलाके में इतनी बड़ी संख्या में सिलेंडर घर में रखना गैर कानूरी है। जांच के बाद सख्त कार्रवाई की जाएगी।