सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर सीनियर आईएएस केके पाठक से जुड़े कई सवाल पूछे जा रहे हैं। कुछ लोग कह रहे उनकी छुट्टी हो गई तो कुछ लोग कह रहे वह छुट्टी पर चले गए। यह सब तब हुआ तब सामान्य प्रशासन विभाग ने एक लेटर जारी किया।
सीनियर आईएएस केके पाठक एक बार फिर चर्चा में हैं। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर केके पाठक से कई सवाल पूछे जा रहे हैं। कुछ लोग कह रहे उनकी छुट्टी हो गई तो कुछ लोग कह रहे वह छुट्टी पर चले गए। यह सब तब हुआ तब सामान्य प्रशासन विभाग ने 9 जनवरी करे एक लेटर जारी किया। इस लेटर में लिखा है शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव केके पाठक आठ जनवरी से 16 जनवरी तक अवकाश पर रहेंगे। इसलिए उनके जगह 2007 बैच के आईएएस अधिकारी और शिक्षा विभाग के सचिव बैद्यनाथ यादव प्रभार में रहेंगे।
विज्ञापन
इस कारण से छुट्टी पर गए सीनियर आईएएस पाठक
बताया जा रहा है कि सीनियर आईएएस केके पाठक ने स्वास्थ्य कारणों से छुट्टी मांगी थी। इसके बाद उन्हें अवकाश दे दिया गया। साथ ही शिक्षा विभाग की कमान आईएएस अधिकारी बैद्यनाथ यादव को सौंपी गई है। इधर, 13 जनवरी को सीएम नीतीश बीपीएससी से दूसरे चरण में चयनित शिक्षकों को नियुक्ति पत्र देंगे। पिछले बार नियुक्ति पत्र वितरण समारोह में सीएम नीतीश कुमार ने मंच से सीनियर आईएएस केके पाठक की काफी तारीफ की थी। ऐसे में इस बार 13 जनवरी को नियुक्ति पत्र वितरण समारोह में केके पाठक के नहीं रहने पर अटकलों का बाजार गर्म हो गया है।
आईएमए ने की थी इन आरोपों की जांच की मांग
इधर, तीन दिन पहले ही आईएमए की ओर से बिहार सरकार के मुख्य सचिव आमिर सुबहानी को पत्र लिखा गया था। इसके एसीएस केके पाठक पर लगे आरोपों की जांच करने की मांग की थी। इतना ही नहीं आईएमए की बिहार शाखा ने गाली देने के आरोप में सीनियर आईएएस केके पाठक की निंदा भी की थी। बता दें कि सीनियर आईएएस केके पाठक पर यूरोलॉजिस्ट डॉ. अजय कुमार को फोन कर गाली देने का आरोप लगाया था। डॉ. अजय कुमार ने कहा कि केके पाठक ने 25 सितंबर को रात में फोन कर गाली-गलौज किया था। डॉ. अजय ने केके पाठक पर प्रताड़ित करने का भी आरोप लगाया। इस मामले को लेकर उन्होंने शिकायत भी दर्ज कराई है।