Ethanol blending with Petrol
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इंश्योरेंस पर कोई असर नहीं
कुछ सोशल मीडिया पोस्ट में कहा गया कि E20 इस्तेमाल करने से इंश्योरेंस कंपनियां गाड़ी के नुकसान का खर्च नहीं उठाएंगी। मंत्रालय ने इसे पूरी तरह गलत बताया और कहा कि एक इंश्योरेंस कंपनी के ट्वीट को तोड़-मरोड़कर पेश किया गया है। E20 ईंधन के इस्तेमाल का गाड़ियों के इंश्योरेंस की वैधता पर कोई असर नहीं पड़ता।
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Ethanol blending with Petrol
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माइलेज पर कितना असर
पेट्रोलियम मंत्रालय का कहना है कि आलोचकों का "ड्रास्टिक" माइलेज गिरने का दावा गलत है। हालांकि, मंत्रालय ने खुद माना है कि E20 में ऊर्जा घनत्व पेट्रोल से कम होने के कारण थोड़ी कमी हो सकती है - E10 के लिए बनी और E20 के मुताबिक एडजस्ट की गई चार-पहिया गाड़ियों में 1-2 प्रतिशत तक, और बाकी गाड़ियों में 3-6 प्रतिशत तक।
मंत्रालय ने यह भी बताया कि कई निर्माता 2009 से ही E20-कम्पैटिबल गाड़ियां बना रहे हैं, जिनमें माइलेज पर कोई खास असर नहीं पड़ता।
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सिर्फ फ्यूल टाइप से तय नहीं होता माइलेज
सरकार का कहना है कि गाड़ी का माइलेज ड्राइविंग हैबिट, मेंटेनेंस, टायर प्रेशर, एलाइनमेंट और एसी के इस्तेमाल जैसे कई फैक्टर्स पर भी निर्भर करता है।
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प्रदूषण कम और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को फायदा
नीति आयोग के एक अध्ययन के मुताबिक, गन्ना-आधारित इथेनॉल से ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन 65 प्रतिशत और मक्का-आधारित इथेनॉल से 50 प्रतिशत तक कम होता है। पिछले 11 वर्षों में सार्वजनिक क्षेत्र (पब्लिक सेक्टर) की तेल कंपनियों ने पेट्रोल में इथेनॉल मिलाकर 1.44 लाख करोड़ रुपये का विदेशी मुद्रा बचाव किया, 245 लाख टन कच्चे तेल की जगह ली, और 736 लाख टन CO2 (कार्बन-डाई-ऑक्साइड) उत्सर्जन घटाया, जो 30 करोड़ पेड़ लगाने के बराबर है।
इस साल 20 प्रतिशत ब्लेंडिंग के साथ किसानों को 40,000 करोड़ रुपये का भुगतान और 43,000 करोड़ रुपये का विदेशी मुद्रा बचाव होने का अनुमान है।
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तेल भरवाते समय इन बातों का रखें ध्यान
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कीमत क्यों ज्यादा है
कुछ लोगों का कहना है कि इथेनॉल सस्ता होने की वजह से E20 की कीमत भी कम होनी चाहिए, लेकिन मंत्रालय के मुताबिक अब हालात उलट हैं। जब 2020-21 में नीति आयोग की रिपोर्ट बनी थी, तब इथेनॉल सस्ता था। अब इसकी खरीद कीमत पेट्रोल से ज्यादा है, जो औसतन 71.32 रुपये प्रति लीटर, जिसमें ट्रांसपोर्ट और जीएसटी शामिल है। मक्का-आधारित इथेनॉल 71.86 रुपये प्रति लीटर है।
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गाड़ी मालिकों के लिए सपोर्ट सिस्टम
मंत्रालय ने कहा कि अगर किसी वाहन मालिक को लगता है कि उसकी गाड़ी को E20 के लिए ट्यूनिंग या पार्ट बदलने की जरूरत है, तो अधिकृत सर्विस सेंटर्स की पूरी नेटवर्क मदद के लिए तैयार है।
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