अगर आपके ऊपर बहुत सारे ई-चालान बकाया हैं, तो आपको परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। यातायात नियमों को लागू करने और जुर्माना राशि वसूली सुनिश्चित करने के लिए, गुरुग्राम पुलिस ने वाहनों को जब्त करना शुरू कर दिया है। शहर का यातायात पुलिस विभाग रोजाना लगभग 4,500 चालान जारी करता है। जिनमें से 3,000 सीसीटीवी कैमरों द्वारा और 1,500 चालान अधिकारियों द्वारा मैन्युअल रूप से जारी किए जाते हैं। चूंकि ज्यादातर ई-चालान का भुगतान नहीं किया जाता है, इसलिए पुलिस ने यह अभियान चलाया है।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, पिछले 10 दिनों में, यातायात नियमों का उल्लंघन करने पर जुर्माना राशि का भुगतान न करने के कारण 19 वाहनों को जब्त कर लिया गया है। जिनमें ऑटो रिक्शा और मोटरसाइकिलें शामिल हैं। गुरुग्राम पुलिस के अनुसार, जब्त किए गए प्रत्येक वाहन पर कम से कम 1 लाख रुपये का जुर्माना राशि बकाया था। इन वाहनों पर 100 से ज्यादा ई-चालान लंबित थे। जिसका मतलब है कि ये वाहन चालक नियमित रूप से यातायात नियमों का उल्लंघन करते थे।
जब्त किए गए वाहन, जिनमें 13 ऑटो रिक्शा और 6 मोटरसाइकिलें शामिल हैं, उन्हें फिलहाल सेक्टर 29 और राजीव चौक के पास निर्धारित स्थानों पर खड़ा किया गया है।
एक ऑटो रिक्शा पर ही 289 बकाया चालान थे, जबकि अन्य पर क्रमशः 269 और 195 चालान थे। मोटरसाइकिलों में से एक पर भी 195 लंबित चालान थे। सीसीटीवी कैमरे यातायात उल्लंघन को रिकॉर्ड करते हैं। फिर वेरिफिकेशन और ई-चालान जारी करने के लिए अलर्ट को जीएमडीए के इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर (आईसीसीसी) को भेजा जाता है।
गुरुग्राम में होने वाले ट्रैफिक अपराध
शहर में यातायात उल्लंघनों में गलत साइड ड्राइविंग, अनधिकृत पार्किंग, सिग्नल जंपिंग और बिना हेलमेट के गाड़ी चलाना शामिल है। जिनके लिए उल्लंघन की गंभीरता के आधार पर 500 रुपये से 5,000 रुपये तक का जुर्माना लगाया जाता है। ऑनलाइन चालान वाहन के पंजीकरण नंबर से जुड़े होते हैं। भुगतान नहीं किए जाने पर जुर्माना राशि इक्टठा होती सकती हैं। जिससे वाहन मालिकों पर आर्थिक बोझ बढ़ सकता है।
हालांकि जुर्माना राशि वसूली के लिए अभी कोई ऑटोमैटिक सिस्टम नहीं है। लेकिन बकाया राशि वाहन बेचने की क्षमता को बाधित करती है। क्योंकि वाहन को बेचते समय क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकरण (आरटीओ) से अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी) लेने की जरूरत होती है।