20 से ज्यादा मंत्रियों और सीईओ ने बुधवार को भारत सहित विभिन्न देशों से, वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम (विश्व आर्थिक मंच) के एक गठबंधन में शामिल होकर वैश्विक दक्षिण के क्लीन एनर्जी ट्रांजिशन (स्वच्छ ऊर्जा में शिफ्ट होने) के लिए आवश्यक अनुमानित 2.2-2.8 ट्रिलियन अमरीकी डॉलर जुटाने का प्रयास किया।
विश्व आर्थिक मंच ने अपनी वार्षिक बैठक 2024 में इस गठबंधन के शुभारंभ की घोषणा करते हुए कहा कि यह विकासशील अर्थव्यवस्थाओं को उनके स्वच्छ ऊर्जा जरूरतों के बारे में जागरूकता बढ़ाने, सर्वोत्तम प्रथाओं को साझा करने और उनके ऊर्जा संक्रमणों को स्थायी रूप से गति देने के लिए एक प्लेटफॉर्म प्रदान करेगा।
स्वच्छ ऊर्जा निवेश को जुटाने के लिए वैश्विक दक्षिण नेटवर्क में 20 से ज्यादा सीईओ और सरकारी मंत्री शामिल हैं, जिनमें कोलंबिया, मिस्र, भारत, जापान, मलेशिया, मोरक्को, नामीबिया, नाइजीरिया, नॉर्वे, केन्या और दक्षिण अफ्रीका शामिल हैं।
फोरम ने यह भी एक नई रिपोर्ट जारी की, 'न्यायसंगत और समावेशी ऊर्जा संक्रमण के जरिए विश्वास का निर्माण', जो नीति निर्माताओं और ऊर्जा क्षेत्र के व्यापारिक नेताओं को एक न्यायपूर्ण, न्यायसंगत और समावेशी ऊर्जा संक्रमण की ओर मार्गदर्शन करने के लिए एक रूपरेखा पेश करती है। खास तौर पर विकासशील अर्थव्यवस्थाओं में, जहां वैश्विक स्वच्छ ऊर्जा निवेश का पांचवां हिस्सा भी नहीं हो पाता है।
वैश्विक दक्षिण में स्वच्छ ऊर्जा में कुल वार्षिक निवेश वर्तमान में 770 अरब डॉलर से तीन गुना बढ़कर 2030 के दशक की शुरुआत तक 2.2-2.8 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंचने की जरूरत है।