Tesla Model Y (टेस्ला मॉडल वाई) को टक्कर देनेवाली Ford Mustang Mach-E (फोर्ड मस्टैंग मैक-ई) इलेक्ट्रिक क्रॉसओवर कार इलेक्ट्रिक व्हीकल रेंज और एफिशिएंसी के लिए एक नया गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने में कामयाब रही है। ऑटोकार यूके के यह जानकारी साझा की है।
क्या है नया रिकॉर्ड
नए रिकॉर्ड के दावे के मुताबिक, बैटरी से चलने वाली क्रॉसओवर एसयूवी ने 840-मील (1351 किलोमीटर) की रोड ट्रिप के दौरान 6.54 मील (10.52 किलोमीटर) प्रति किलोवाट-घंटे की ड्राइविंग रेंज हासिल की है।
किसने बनाया रिकॉर्ड
इस परफॉर्मेंस इलेक्ट्रिक एसयूवी को बीबीसी परिवहन संवाददाता पॉल क्लिफ्टन और फर्गल मैकग्राथ और केविन ब्रूकर चला रहे थे। इन्होंने इंटरनल कंब्शन इंजन (आईसीई) से चलने वाले वाहनों पर इसी तरह के रिकॉर्ड पहले भी बनाए हैं।
कहां से कहां तक चली कार
यह सफर 3 जुलाई को शुरू हुई और यात्रा के दौरान 31 मील प्रति घंटे (49.88 किमी प्रति घंटे) की औसत रफ्तार रखी गई। कार को जॉन ओ 'ग्रोट्स से लैंड्स एंड तक चलाया गया था, जिसमें ब्रिटेन की पूरी लंबाई को कवर किया गया। दिलचस्प बात यह है कि इस पूरी यात्रा में सिर्फ दो स्टॉपिंग पॉइंट शामिल थे, यानी इस के दौरान सिर्फ दो बार गाड़ी को चार्जिंग के लिए रोका गया जिसमें कुल 45 मिनट का समय लगा। टीम पहला पड़ाव में लंकाशायर के विगन में एक बीपी पल्स स्टेशन पर रूकी, जबकि दूसरी बार कुल्मप्टन, डेवोन में रूकी।
Ford Mustang Mach-E
- फोटो : Ford
इस रिकॉर्ड को कायम करने वाली टीम ने कहा, "यह रिकॉर्ड यह दिखाने के लिए है कि इलेक्ट्रिक कारों का इस्तेमाल अब सभी लोग कर सकते हैं। न सिर्फ काम पर जाने के लिए छोटी शहरी यात्राओं या दुकानों के लिए या एक दूसरी कार के रूप में, बल्कि लंबी क्रॉस-कंट्री यात्राओं पर वास्तविक दुनिया के इस्तेमाल के लिए भी ये उपयोगी हैं। हमने साबित कर दिया है कि, इस कार के साथ, टिपिंग पॉइंट पर पहुंच जा सकता है। फोर्ड मस्टैंग मैक-ई की रेंज और दक्षता अप्रत्याशित यात्रातों से निपटने के लिए इसे रोजमर्रा की कार बनाती है। हमने पूरे दिन की टेस्टिंग की जिसमें कुल 250 मील का सफर किया और फिर भी हमारी वापसी के दौरान इसमें 45 फीसदी बैटरी चार्ज बचा हुआ था।"
Ford Mustang Mach-E कार की अपने कुछ प्रतिद्वंद्वियों की तुलना में सर्वश्रेष्ठ ईपीए-रेटेड एफिशिएंसी नहीं है। लेकिन यह तथ्य कि यह अभी भी एफिशिएंसी का एक रिकॉर्ड कायम करने में सफल रही है, अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि है।