संजय लीला भंसाली की फिल्म 'पद्मावती' का फर्स्ट पोस्टर गुरुवार को रिलीज कर दिया गया। दीपिका पादुकोण रानी पद्मिनी के रॉयल लुक में नजर आईं। लुक के रिलीज होते ही करणी सेना ने फिर से फिल्म का विरोध करना शुरू कर दिया है।
'रानी पद्मावती के प्रेमी नहीं थे अलाउद्दीन खिलजी', पोस्टर रिलीज होते ही विवादों में फिल्म
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करणी सेना के फाउंडर लोकेंद्र सिंह कलवी ने कहा, 'अगर फिल्म में गलत तथ्य दिखाए गए तो वो इसकी स्क्रीनिंग नहीं होने देंगे। करीब 20 दिन पहले भंसाली की टीम ने हम लोगों को मूवी देखने के लिए कहा था लेकिन हमने उनसे कहा कि फिल्म को इतिहासकारों और बुद्धिजीवियों को दिखाने के लिए कहा। इसके बाद से हमारी उनके कोई बात नहीं हुई।'
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कलवी ने आगे कहा, 'हम किसी भी कीमत पर फिल्म में गलत तथ्य को दिखाने की इजाजत नहीं देंगे। अगर ऐसा कुछ हुआ तो हम आधे भारत में फिल्म की स्क्रीनिंग रोक देंगे।' करणी सेना का कहना है कि उनके पास बहुत बड़ी लाइब्रेरी है। जिसकी कई किताबों में खिलजी वंश के बारे में लिखा गया है।
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लेकिन किसी भी किताब में ये नहीं लिखा कि 13वीं-14वीं सदी में दिल्ली सल्तनत के खिलजी वंश के एक शक्तिशाली शासक अलाउद्दीन खिलजी को पद्मावती से प्यार हुआ था या वह उनका प्रेमी था। करणी सेना के एक कार्यकर्ता ने कहा, 'वे ऐतिहासिक तथ्यों को विकृत करके पद्मावती को बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं। यह स्वीकार्य नहीं है।'
बता दें कि जनवरी में करणी सेना ने चित्तौड़गढ़ में हो रही शूटिंग के सेट पर पहुंचकर काफी तोड़-फोड़ की थी। इसमें भंसाली घायल भी हो गए थे। फिल्म में दीपिका पादुकोण रानी पद्मावती और रणवीर सिंह अलाउद्दीन खिलजी का किरदार निभा रहे हैं। करणी सेना का कहना है कि फिल्म की कहानी में कोई सच्चाई नहीं है।