अमेरिका में रिपब्लिकन पार्टी की तरफ से राष्ट्रपति पद की दावेदार निक्की हेली ने कहा है कि वह रिपब्लिकन मतदाताओं की इकलौती उम्मीद हैं, जो ट्रंप और बाइडन के बीच होने वाली संभावित टक्कर को रोक सकती हैं। निक्की हेली ने कहा कि ट्रंप और बाइडन के बीच 2024 का मुकाबला दुस्वप्न होगा और वही उसे टाल सकती हैं। आयोवा कॉकस के नतीजों के बाद निक्की हेली ने यह बात कही।
आयोवा कॉकस के चुनाव में जीते ट्रंप
15 जनवरी को आयोवा कॉकस के चुनाव हुए, जिनमें डोनाल्ड ट्रंप को जीत मिली है। इन चुनाव में निक्की हेली तीसरे स्थान पर रहीं और उन्हें 20 फीसदी वोट मिले। वहीं दूसरे नंबर पर रोन देसांतिस रहे, जिन्हें 21 फीसदी लोगों ने वोट दिया। वहीं डोनाल्ड ट्रंप 50 फीसदी वोटों के साथ सबसे आगे रहे। विवेक रामास्वामी को महज 7.7 फीसदी वोट मिले, जिसके बाद रामास्वामी ने राष्ट्रपति पद की दावेदारी छोड़ने का ही एलान कर दिया।
अमेरिकी जनता को हेली ने किया आगाह
अपने समर्थकों को संबोधित करते हुए हेली ने कहा 'हमारा प्रचार अभियान ही एकमात्र उम्मीद है जो ट्रंप-बाइडन के दुस्वप्न को रोक सकता है। अगर एक बार फिर ट्रंप और बाइडन के बीच मुकाबला होता है तो इस बार भी कांटे की टक्कर होगी और यह किसी भी तरफ जा सकता है। चुनाव में दखल के विवाद सामने आएंगे। जो बाइडन फिर जीत सकते हैं और कमला हैरिस राष्ट्रपति बन सकती हैं। ऐसे में भगवान ही हमें बचा सकता है।' निक्की हेली ने दावा किया कि 'अगर उनके और बाइडन के बीच मुकाबला हुआ तो उनकी बड़ी जीत होगी और 70 फीसदी अमेरिकी नहीं चाहते कि राष्ट्रपति पद की रेस में फिर से डोनाल्ड ट्रंप और जो बाइडन के बीच मुकाबला हो।'
निक्की हेली की लोकप्रियता में आया उछाल
निक्की हेली रिपब्लिकन पार्टी की तरफ से राष्ट्रपति पद के दावेदारों में एकमात्र महिला है और हाल के दिनों में उनकी लोकप्रियता में तेज उछाल आया है। आयोवा कॉकस में भी उन्हें अच्छा समर्थन मिला और अब 23 जनवरी को न्यू हैंपशायर और फिर उसके बाद साउथ कैरोलिना में होने वाले कॉकस पर सभी की नजरें टिक गई हैं। निक्की हेली (51 वर्षीय) ने डोनाल्ड ट्रंप (77 वर्षीय) और जो बाइडन (81 वर्षीय) की ज्यादा उम्र पर भी निशाना साधा और दोनों की आर्थिक नीतियों की आलोचना की।