हमास और इस्राइल बीते 11 महीने से जंग लड़ रहे हैं। अब इस युद्ध को लेकर एक बड़ी जानकारी सामने आई है। बताया जा रहा है कि एक शख्स ने करीब एक महीने पहले ही बता दिया था कि युद्ध होने वाला है। हालांकि तब इस पर किसी का ध्यान नहीं गया।
पहले ही दी थी चेतावनी
एक प्रमुख आतंकवाद-रोधी विशेषज्ञ और मिडिल ईस्ट मीडिया रिसर्च इंस्टीट्यूट (एमईएमआरआई) के संस्थापक यीगल कार्मन ने पिछले साल 31 अगस्त को लेख 'सितंबर-अक्तूबर में संभावित युद्ध के संकेत' जारी किया था। ये उन कुछ चेतावनियों में से एक था, जिसने हमले के बारे में सही पूर्वानुमान लगाया था।
यह है मामला
हमास के करीब 2500 लड़ाकों ने सात अक्तूबर को जमीन, समुद्र और हवाई मार्ग से इस्राइल में घुसकर 1,200 से अधिक लोगों को मार डाला था। हमास और सहयोगी आतंकवादी समूहों ने कम से कम 250 लोगों को बंधक बनाया, जिनमें लगभग 30 बच्चे भी शामिल थे। इसके बाद इस्राइल ने जवाबी कार्रवाई की, जो बाद में जंग में तब्दील हो गई। इसके परिणामस्वरूप गाजा में अबतक 40,000 से अधिक लोगों की जान जा चुकी है।
अगस्त में की थी भविष्यवाणी
यीगल कार्मन ने पिछले साल अगस्त में लिखा था, 'हाल ही में ऐसे संकेत मिल रहे हैं कि इस साल सितंबर या अक्तूबर में इस्राइल के खिलाफ युद्ध छिड़ सकता है। ये हमले हिंसक झड़पों को बढ़ा सकता है। इसके परिणामस्वरूप कई लोगों की जान जा सकती है। इसके अलावा नए हथियारों के इस्तेमाल की वजह से इस्राइल के कई लोगों की मौत हो सकती है। इन सबके सामने इस्राइल अपने नियमित आतंकवाद विरोधी उपायों के साथ पर्याप्त नहीं होगा।'
उन्होंने कहा, 'हालांकि हमास या हिजबुल्ला इस्राइल के साथ कोई बड़ी लड़ाई शुरू करने के लिए उत्सुक नहीं हैं, लेकिन ऐसा टकराव जमीन पर अनियंत्रित स्थिति या इन आंदोलनों द्वारा नए और असामान्य रूप से घातक हथियारों के उपयोग से उत्पन्न हो सकता है।'
कार्मन ने इस्राइल की सीमाओं पर बढ़ते तनाव, साथ ही हिजबुल्ला की बढ़ती क्षेत्रीय मांगों और इस्राइल की संप्रभुता के लिए चुनौतियों को देखते हुए भविष्यवाणी की थी। अपने विश्लेषण में, उन्होंने चेतावनी दी थी कि हालांकि हमास और हिजबुल्ला दोनों ही पूरी तरह से युद्ध के लिए उत्सुक नहीं दिख रहे, लेकिन जमीन पर अस्थिर स्थितियां आसानी से एक बड़े संघर्ष में बदल सकती हैं।