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X: एलन मस्क अपने मंच एक्स का कर रहे गलत इस्तेमाल, अमेरिकी चुनाव से जुड़ी भ्रामक जानकारियां फैलाने का आरोप

Fri, 09 Aug 2024 09:18 AM IST
काव्या मिश्रा वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वॉशिंगटन

सार

सेंटर फॉर काउंटरिंग डिजिटल हेट के शोधकर्ताओं ने मस्क द्वारा जनवरी से अबतक साझा किए ऐसे 50 पोस्ट की पहचान की है, जिन्हें भ्रामक और गलत बताया है।
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Elon Musk - फोटो : X
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विस्तार
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एक निगरानी संस्था ने गुरुवार को बताया कि एलन मस्क द्वारा एक्स पर पोस्ट किए गए झूठे या भ्रामक अमेरिकी चुनाव दावों को इस वर्ष लगभग 1.2 अरब बार देखा गया है। इससे साफ देखा जा सकता है कि किस तरह अरबपति व्हाइट हाउस की दौड़ पर अपना प्रभाव डाल रहे हैं। 

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एक्स राजनीतिक से जुड़ी गलत सूचनाओं का केंद्र
शोधकर्ताओं ने नंवबर में होने वाले चुनाव से पहले इस बात को लेकर चेताया कि एक्स, जो पूर्व में ट्विटर नाम से जाना जाता था, राजनीतिक से जुड़ी गलत सूचनाओं का केंद्र है। इतना ही नहीं इन लोगों ने इस बात पर भी प्रकाश डाला कि साल 2022 में मंच खरीदने वाले एलन मस्क अपने व्यक्तिगत खाते से झूठ फैलाकर मतदाताओं को प्रभावित करते हुए दिखाई देते हैं। बता दें, टेस्ला के सीईओ मस्क पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का राष्ट्रपति चुनाव के लिए समर्थन कर रहे हैं। 

50 पोस्ट किए गए साझा
सेंटर फॉर काउंटरिंग डिजिटल हेट (सीसीडीएच) के शोधकर्ताओं ने मस्क द्वारा जनवरी से अबतक साझा किए ऐसे 50 पोस्ट की पहचान की है, जिन्हें भ्रामक और गलत बताया है। बता दें, उन्हें सोशल मीडिया मंच एक्स पर 19.3 करोड़ लोग फॉलो करते हैं।
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सीसीडीएच ने कहा कि किसी भी पोस्ट में कम्यूनिटी पोस्ट यानी सामुदायिक नोट का दावा नही किया गया था। इससे यह पता चलता है कि यह पोस्ट बड़ी संख्या में लोगों को जोड़ने के लिए किया गया है। इस टूल को क्राउड-सार्स्ड मॉडरेशन टूल कहा जाता है। इस वजह से इसकी अफवाहों से निपटने की प्रभावशीलता पर सवाल उठ रहे हैं।



मतभेद तथा अविश्वास पैदा हो रहा
सीसीडीएच के मुख्य कार्यकारी इमरान अहमद ने चेतावनी देते हुए कहा, 'एलन मस्क एक राजनीतिक रूप से प्रभावशाली सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का गलत फायदा उठा रहे हैं। इससे गलत सूचना फैल रही है। मतभेद तथा अविश्वास पैदा हो रहा है। इन पोस्टों पर सामुदायिक नोट की कमी से पता चलता है कि उनका व्यवसाय उस प्रकार के एल्गोरिदम यानी उकसावे को रोकने में बुरी तरह विफल हो रहा है, जिसके बारे में हम सभी जानते हैं कि वह वास्तविक दुनिया में हिंसा का कारण बन सकता है।'

करोड़ लोग देख रहे गलत जानकारी
सीसीडीएच द्वारा विश्लेषण किए गए पोस्ट ने व्यापक रूप से खारिज किए गए दावों को अंजाम दिया, जैसे कि डेमोक्रेट मतदाताओं को बढ़ाने के उद्देश्य से अवैध प्रवास को प्रोत्साहित कर रहे हैं या चुनाव धोखाधड़ी की चपेट में है। दोनों दावों को करोड़ों बार देखा गया। पिछले हफ्ते मस्क ने अपने फॉलोवर द्वारा साझा किए गलत वीडियो को रिपोस्ट किया था, जिसकी वजह से उन्हें आलोचनाओं का सामना करना पड़ा था। यह वीडियो उपराष्ट्रपति कमला हैरिस का था। 

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