पूर्व प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली से अलग होकर अलग पार्टी बनाने वाले माधव कुमार नेपाल की सीपीएन (यूनिफाइड सोशलिस्ट) पार्टी को चुनाव आयोग से मान्यता मिल गई है। इसके साथ ही प्रधानमंत्री शेर बहादुर देउबा के मंत्रिमंडल विस्तार की राह भी खुल गई है।
नेपाल के प्रधानमंत्री शेर बहादुर देउबा ने रविवार को सीपीएन (माओवादी) के प्रमुख पुष्प कमल दहल और सीपीएन-यूएमएल (यूनिफाइड सोशलिस्ट) के प्रमुख माधव कुमार नेपाल से मुलाकात की। मीडिया रिपोर्ट्स के दौरान इस दौरान तीनों नेताओं के बीच केंद्रीय मंत्रिमंडल के विस्तार पर चर्चा हुई और प्रधानमंत्री ने सोमवार को कैबिनेट विस्तार को अंतिम रूप देने का फैसला किया।
विज्ञापन
बता दें कि सरकार के गठन में अहम भूमिका निभाने वाली माधव नेपाल की सीपीएन-यूएमएल से अलग होकर बनी पार्टी अभी तक चुनाव आयोग से मान्यता मिलने की प्रक्रिया में थी। इसी के चलते देउबा पिछले करीब एक महीने से अपने मंत्रिमंडल का विस्तार नहीं कर पा रहे थे। अब चुनाव आयोग ने माधव नेपाल की नई पार्टी सीपीएन (यूनिफाइड सोशलिस्ट) को मान्यता दे दी है।
दहल के सचिवालय के अनुसार तीनों वरिष्ठ नेताओं ने देउबा के नेतृत्व वाले मंत्रिमंडल के विस्तार के मुद्दे पर चर्चा की। समाचार एजेंसी पीटीआई ने माईरिपलिका डॉट कॉम के हवाले से एक रिपोर्ट में लिखा है कि बैठक में तीनों नेता सोमवार को कैबिनेट विस्तार को अंतिम स्वरूप देने पर सहमत हुए। इससे पहले पीएम देउबा और दहल ने इस मामले को लेकर शनिवार को भी बैठक की थी।