71 साल की नैन्सी क्रॉम्पटन-ब्रोफी पर 63 साल के अपने पति डेनियल ब्रोफी की गोली मारकर हत्या करने का आरोप है। डेनियल ब्रोफी एक शेफ थे, जिनकी 2018 में हत्या कर दी गई थी।
एक लेखिका जिसे लोग रोमांटिक उपन्यास लिखने के लिए जानते थे। उन पर अपने ही पति की हत्या का आरोप है। 'हाऊ टू मर्डर योर हसबैंड' शीर्षक से निबंध लिखने वाली लेखिका नैन्सी क्रॉम्पटन-ब्रोफी के ऊपर अपने ही पति की हत्या करने के आरोप में अमेरिका की एक अदालत में मुकदमा चल रहा है। नैन्सी क्रॉम्पटन-ब्रोफी रोमांटिक उपन्यासकार हैं। उन्होंने 2011 में 'हाऊ टू मर्डर योर हसबैंड' शीर्षक से निबंध लिखा था।
विज्ञापन
71 साल की नैन्सी क्रॉम्पटन-ब्रोफी पर 63 साल के अपने पति डेनियल ब्रोफी की गोली मारकर हत्या करने का आरोप है। डेनियल ब्रोफी एक शेफ थे जिनकी 2018 में हत्या कर दी गई थी। उन्होंने अदालत से अपने दोषी नहीं होंने की बात कही है।
डेनियल ब्रोफी की मौत पोर्टलैंड के ओरेगोन के एक कल्नरी संस्थान में नौकरी के समय 2 जून 2018 को हुई थी। डेनियल ब्रोफी की पीठ और छाती में गोली मारी गई थी। उनके एक साथी को रसोईघर में वह मृत अवस्था में मिले थे। इस घटना को लेकर अदालत में जमा किए गए दस्तावेजों के मुताबिक, नैन्सी ने अपने बयान में झूठ बोला था। उन्होंने अपने बयान में बताया था कि घटना के समय वह पूरा समय घर पर ही थीं। जबकि जांच में यह सामने आया है कि जून 2018 में जब डेनियल की मौत हुई तब दौरान नैन्सी क्रॉम्पटन-ब्रोफी पोर्टलैंड में ही थी। उन्होंने फेसबुक पर अपने पति के मरने की खबर साझा की थी। उन्होंने अपने पोस्ट में लिखा था कि, 'मेरे पति की किसी ने हत्या कर दी, मेरी समझ में नहीं आ रहा कि मैं क्या करूं।'इसके बाद शक के आधार पर 2018 में उन्हें गिरफ्तार किया गया था। अभियोजकों के मुताबिक, आरोपी पत्नी ने पति की एक बीमा पॉलिसी का फायदा उठाने के लिए हत्या की थी।
विज्ञापन
हालांकि जज क्रिस्टोफर रामरस ने मंगलवार को कहा कि उनके निंबध को ट्रायल से बाहर रखा जाएगा। उन्होंने कहा कि निंबध बहुत पुराना होने के कारण अभियोग में ट्रायल के लिए नहीं रखा जा सकता। बताया जा रहा है कि इस लेख को अपने पति को मारने के मकसद और साधनों के बारे में विस्तार से लिखा गया था।
गौरतलब है किइस मामले में उन पर दो साल पहले आरोप तय हुए थे, लेकिन फिर कोरोना महामारी के कारण इसकी सुनवाई दो साल से टल रही थी। कोरोना के घटते मामलों को देखते हुए इस मामले में फिर से सुनवाई शुरू हुई है। क्रॉम्पटन ब्रॉफी पर हत्या और गैरकानूनी हथियार रखने का आरोप है। इस मामले में अगले सात सप्ताह कर ट्रायल चलने की उम्मीद है।