पाकिस्तान के पूर्व विदेश सचिव सोहेल महमूद
- फोटो : सोशल मीडिया
पाकिस्तान में आम चुनाव जैसे-जैसे नजदीक आ रहा रहे हैं। तमाम दलों की राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। इसी बीच, इमरान खान को लेकर पूर्व पाक विदेश सचिव सोहेल महमूद ने बड़ी बात की है। उन्होंने कहा कि मैंने पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की कैबिनेट को स्पष्ट कहा था कि वह अमेरिका के साथ जुड़े रहें। साथ ही मैंने उन्हें बताया था कि वाशिंगटन में देश के दूतावास से राजनयिक संचार को सार्वजनिक करने से अमेरिका के साथ संबंध कैसे प्रभावित हो सकते हैं।
अमेरिका से जुड़े राजनयिक तार को इमरान ने किया था सार्वजनिक
गौरतलब है कि राजनयिक केबल को साइफर कहा जाता है। अमेरिका से जुड़े साइफर को इमरान खान ने 27 मार्च 2022 को रैली में सार्वजनिक किया था। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार को गिराने के लिए अंतरराष्ट्रीय साजिशें रची जा रही हैं। राजनीतिक उद्देश्यों के लिए इसके इस्तेमाल के आरोपी इमरान खान और पूर्व विदेश मंत्री कुरैशी को दिसंबर 2023 में दोषी ठहराया गया था। लेकिन आठ फरवरी के आम चुनाव से पहले उन्हें मामले में कोई खास राहत नहीं मिली है।
मैंने दी थी सलाह कि ऐसा मत कीजिए- महमूद
सोमवार को ट्रायल कोर्ट को महमूद ने बताया कि इस सलाह का उद्देश्य था कि अन्य देशों के साथ पाकिस्तान के संबंधों की रक्षा करना, गुप्त और विशेषाधिकार प्राप्त संचार पर सार्वजनिक और राजनीतिक चर्चा से बचना था। पूर्व विदेश सचिव ने एक कैबिनेट बैठक का विवरण साझा किया। आठ अप्रैल को आयोजित कैबिनेट बैठक में महमूद ने कहा था कि इस तरह के कृत्य देश के हित में नहीं है। मैंने यह भी कहा था कि यह मंत्रालय के कामकाज को प्रभावित कर सकता है। यहां तक कि अमेरिका समेत कई देशों के साथ संबंधों पर असर पड़ेगा।
27 मार्च, 2022 को सार्वजनिक बैठक में इमरान खान द्वारा कथित साइफर लहराए जाने के बाद महमूद ने कहा कि उन्हें 28 मार्च, 2022 को पाकिस्तान के अतिरिक्त सचिव अमेरिका से एक आंतरिक नोट मिला था, जिसमें उन्होंने इस पर चिंता जाहिर की थी