रुद्रपुर में वाहन की किस्त जमा न होने पर सवारियों को उतारकर हरिद्वार में वाहन कब्जे में लेने के विरोध में व्यापारियों और जनप्रतिनिधियों ने फाइनेंस कंपनी के कार्यालय परिसर में धरना देकर विरोध जताया। नगर के चोलामंडलम फाइनेंस कंपनी के कार्यालय परिसर में पहुंचे लोगों ने कंपनी की मनमानी को लेकर नारेबाजी की। कहा कि खेड़ा निवासी इरफान अली ने लगभग दो वर्ष पूर्व कंपनी से डिजायर कार फाइनेंस करवाई थी। बेटे की बीमारी के चलते आर्थिक संकट आने के कारण वह वाहन की दो किश्तें समय पर जमा नहीं करा सके। बीते तीन मई को चोलामंडलम फाइनेंस कंपनी ने हरिद्वार में वाहन में बैठे यात्रियों को रास्ते उतारकर गाड़ी को अपने कब्जे में ले लिया। इरफान अली ने कंपनी के अधिकारियों से वार्ता की तो कंपनी ने अनाप-शनाप चार्ज लगाकर परेशान करना शुरू कर दिया। इरफान अली के अवशेष किश्त जमा करने की बात कही गई लेकिन कंपनी प्रबंधन ने सकारात्मक रवैया नहीं अपनाया। कंपनकके दफ्तर में धरना शुरू होने की जानकारी पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने कंपनी के रीजनल मैनेजर शिवराज ब्रिज से फोन पर इन लोगों की वार्ता कराई। शुक्रवार सुबह मामले का निस्तारण करने का आश्वासन दिया।