पिथौरागढ़ और गंगोलीहाट में शारदीय नवरात्र के पहले दिन मंदिरों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ रही। जिला मुख्यालय के साथ ही कस्बों और ग्रामीण क्षेत्रों के मंदिरों दिन भर श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। श्रद्धालुओं ने मां शैलपुत्री की पूजा-अर्चना कर सुख-समृद्धि का आशीर्वाद मांगा। लोगों ने घरों और मंदिरों में हरेला बोया। अंतिम नवरात्र को इसी हरेले से मां का पूजन होगा। मंदिरों में पूरे दिन भजन-कीर्तन होते रहे। प्रथम नवरात्र पर नगर के उल्का देवी, कामाख्या, कौशल्या माता मंदिर, घंटेश्वर, लक्ष्मी नारायण, पांडे गांव, पुराना बाजार शिवालय के साथ ही अन्य देवी मंदिरों में सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ रही। गुरना मंदिर और इग्यारदेवी स्थित वैष्णवी देवी मंदिर में जिले के विभिन्न स्थानों से पहुंचे श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना की। भीड़ अधिक होने से श्रद्धालुओं को लंबा इंतजार करना पड़ा। गंगोलीहाट में महाकाली, चामुंडा, छिमाल देवी, हनुमान मंदिर और शिवालयों में भी भक्तों का तांता लगा रहा। तड़के ही लोग मंदिरों में पूजा-अर्चना के लिए पहुंचने लगे थे। महाकाली में मंदिर पुरोहित दीप पंत और पंकज पंत ने वैदिक मंत्रोचार और विधि-विधान से पूजा संपन्न कराई। कुमाऊं रेजिमेंट के जवान भी पूजा-अर्चना के लिए मंदिर पहुंचे। पुजारी निर्मल रावल ने बताया कि नवरात्र के लिए कुमाऊं रेजिमेंट के जवानों और स्थानीय लोगों ने उत्तर भारत के सबसे बड़े शक्तिपीठ महाकाली मंदिर को भव्य रूप में सजाया है।