लाडली से दरिंदगी करने वाले को बरी करने से पूर्व सैनिकों और उनके परिजनों में भी आक्रोश है। पूर्व सैनिकों और उनके परिजनों ने लाडली को न्याय दिलाने की मांग पर नगर में जुलूस निकाला। कहा लाडली को न्याय न मिलना कष्टदायक है। सरकार को अब मासूम और उसके परिजनों को न्याय दिलाने की जिम्मेदारी लेनी होगी। पूर्व सैनिकों और उनके परिजनों के साथ ही विभिन्न संगठन के लोगों ने नगर में जुलूस निकालकर लाडली को न्याय दिलाने की मांग की। पूर्व सैनिकों ने कहा कि वर्ष 2014 में पिथौरागढ़ की लाडली के साथ हल्द्वानी में दरिंदगी हुई। इसके बाद उसकी निर्मम हत्या कर दी गई। इस घटना से सभी को झकझोर दिया। तब उच्च न्यायालय ने दोषी को फांसी की सजा सुनाई। सभी को लगा कि लाडली और उसके परिजनों को न्याय मिला है। सर्वोच्च न्यायालय ने बीते दिनों दोषी को बरी कर दिया। ऐसे में सभी का न्याय व्यवस्था से भरोसा उठ गया है। सरकार की कमजोर पैरवी से लाडली और उसके परिजन न्याय से वंचित हुए हैं। अब सरकार को ही लाडली को न्याय दिलाने की जिम्मेदारी लेनी होगी। शीघ्र पुनर्विचार याचिका दाखिल कर ठोस पैरवी के लिए कुशल वकील नियुक्त होने चाहिए। इसके बाद पूर्व सैनिकों और उनके परिजनों ने कलक्ट्रेट पहुंचकर एडीएम योगेंद्र सिंह के माध्यम से प्रधानमंत्री को ज्ञापन भेजा। चेतावनी देते हुए कहा यदि यह लड़ाई मजबूती ने नहीं लड़ी गई और लाडली को न्याय नहीं मिला तो प्रदेश और देश का हर पूर्व सैनिक सड़कों पर उतरेगा।