चार दिनों तक लगातार बढ़ने के बाद गंगा के जलस्तर में ठहराव आया है। शुक्रवार को गंगा का जलस्तर 62.63 मीटर पर स्थिर बना हुआ है। महज चार दिनों में गंगा के जलस्तर में 15 फीट की बढ़ोतरी दर्ज की गई। गंगा के बढ़ते जलस्तर के कारण मणिकर्णिका घाट का प्लेटफाॅर्म डूब गया है, वहीं हरिश्चंद्र घाट पर शवदाह अब सीढि़यों पर हो रहा है। केंद्रीय जल आयोग की बाढ़ बुलेटिन के अनुसार शुक्रवार को सुबह गंगा का जलस्तर 62.63 मीटर दर्ज किया। मध्यरात्रि से ही गंगा का जलस्तर स्थिर बना हुआ है। गंगा के जलस्तर में बढ़ोतरी के कारण अस्सी से राजघाट के बीच दो सौ से अधिक छोटे मंदिरों में गंगा प्रवेश कर चुकी हैं। राजेंद्र प्रसाद, मानमंदिर, जानकी घाट, हनुमान घाट, मीरघाट और त्रिपुरा भैरवी घाट का आपसी संपर्क टूट चुका है।