शाहजहांपुर में अमर उजाला फाउंडेशन के दोस्त पुलिस कार्यक्रम के तहत रविवार को मदरसा नूरुल हुदा, बिजलीपुरा से संबद्ध मिनी आईटीआई की छात्राओं ने महिला थाने का भ्रमण किया। उन्होंने पुलिस के काम करने के तरीके को नजदीक से देखा। इस दौरान साइबर ठगी से बचने के लिए जानकारी दी गई। साथ ही हेल्पलाइन नंबरों के बारे में बताया गया। पूर्वाह्न 11:30 बजे महिला थाने पहुंचीं छात्राओं ने सबसे पहले हेल्पडेस्क को देखा। कार्यवाहक थाना प्रभारी यतेंद्र कुमार ने छात्राओं को बताया कि पीड़िता के आने पर सबसे पहले यहीं पर सुनवाई होती है। संबंधित उपनिरीक्षक दोनों पक्षों को बुलाकर उनके बीच राजीनामा कराने का प्रयास करते है। सहमति नहीं बनने पर रिपोर्ट दर्ज की जाती है। उपनिरीक्षक ने एफआईआर दर्ज कराने की पूरी प्रक्रिया को बताया। इसके बाद बाल मित्र कक्ष, हवालात और थाना प्रभारी कक्ष को भी दिखाया गया। उपनिरीक्षक ने बताया कि जरूरत पड़ने पर पुलिस तुरंत ही मदद करने के लिए पहुंचती है। उन्होंने साइबर अपराध से बचने की जानकारी दी। कहा कि किसी को ओटीपी नहीं बताएं। इससे साइबर अपराध की वारदात हो सकती है। इसलिए मोबाइल का उपयोग काफी सावधानी से करें। उन्होंने बताया कि कोई भी ऐसा फोटो अपने मोबाइल में नहीं रखें, जिसे अपने परिवार को नहीं दिखा सकें। उन्होंने हेल्पलाइन नंबर के बारे में भी बताया। कहा कि मुसीबत के समय 112 नंबर पर कॉल करें। कुछ मिनटों में ही पुलिस मदद के लिए पहुंच जाती है। साइबर अपराध होने पर 1930 नंबर पर शिकायत दर्ज करा सकते हैं। महिला संबंधी अपराध पर हेल्पलाइन नंबर 1090 पर शिकायत कर सकतीं हैं। उन्होंने छात्राओं को साइबर अपराध से बचने के लिए प्रेरित किया। कहा कि अंजान नंबर से आई वीडियोकॉल को रिसीव नहीं करें। सोशल मीडिया पर कोई ऐसा फोटो पोस्ट नहीं करें, जिसका कोई दुरुपयोग कर सके। इस दौरान मोइन खान, साजिद खान, साबिया सुल्ताना आदि मौजूद रहे।