शाहजहांपुर में गणेश चतुर्थी पर घरों से लेकर पंडालों तक में गणपति स्थापना की जाएगी। महाराष्ट्र मराठा मंडल की ओर से शाहजहांपुर के महाराजा की स्थापना 27 अगस्त को लाला रामचरन धर्मशाला में विधि-विधान से की जाएगी। गणपति की मूर्ति को महाराष्ट्र से मंगाया गया है, जो पांच दिन के सफर के बाद यहां पहुंच गई है। नौ दिन चलने वाले गणेश उत्सव को लेकर लोगों में काफी उत्साह है। पंडालों के साथ ही घरों में भगवान गणेश की मूर्ति की स्थापना की जाएगी। पूजा-अर्चना के साथ ही भोग लगाए जाएंगे। इसके बाद मूर्तियों का विसर्जन शोभायात्रा निकालकर होता है। महाराष्ट्र मराठा मंडल की ओर से महाराष्ट्र से मूर्ति को मंगाया गया है। संयोजक नीरज वाजपेयी ने बताया कि 27 अगस्त की शाम छह बजे मूर्ति की स्थापना की जाएगी। 30 अगस्त की शाम चार बजे सुंदरकांड पाठ, तीन सितंबर को सुबह दस बजे हवन पूजन होगा। दोपहर 12 बजे से भंडारा का आयोजन होगा। चार सितंबर की शाम चार बजे विसर्जन शोभायात्रा निकाली जाएगी। ये धर्मशाला से शुरू होकर सदर बाजार, बहादुरगंज, घंटाघर, कच्चा कटरा मोड़, मोती चौक, चारखंभा होते हुए गर्रा घाट पर विसर्जित होगी। इस बीच श्रद्धालु भक्ति से ओतप्रोत नजर आते हैं। इसी तरह चौक के महाराजा की स्थापना क्षत्रिय धर्मशाला में होगी। इसी तरह मठिया के महाराजा भगवान गणेश की प्रतिमा की स्थापना भी होगी। आयोजन को लेकर तैयारियों ने तेजी पकड़ ली है।