सूर्य की उपासना के दौरान अचानक बरसात होने लगी। भारी बरसात भी व्रती महिलाओं के उत्साह को नहीं तोड़ पाई । सूर्योदय का समय समाप्त होने के बाद महिलाएं भरी बरसात में ही अपने डाला और अन्य सामानों को लेकर घाटों से निकलीं तथा भींगते हुए अपने घरों को पहुंची। बरसात के चलते छठ व्रतियों को परेशानी तो हुई, लेकिन उत्साह बरकरार रहा।