पर्यावरण संरक्षण को लेकर किए जा रहे तमाम प्रयासों के बीच गोंडा शहर के 27 वार्डों से हर दिन निकलने वाले करीब 35 मीट्रिक टन कूड़े के निस्तारण का कोई प्रबंध नहीं है। ऐसे में कूड़े को शहर से सटे पूरे शिवा बख्तावर में डंप किया जाता है। कूड़े से निकलने वाले धुएं से आसपास के लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। स्थानीय लोगों को कहना है कि इस समस्या के निस्तारण को लेकर कई बार प्रयास किया गया लेकिन समस्या का निस्तारण नहीं हो पा रहा है। नगर पालिका के जिला कार्यक्रम प्रबंधक नितेश राठौर का कहना है कि कूड़ा प्रासोसिंग यूनिट के लिए जमीन की तलाश की जा रही है। जमीन मिलते ही यूनिट के निर्माण का काम शुरू हो जाएगा। इससे काफी फायदा मिलेगा।