बलरामपुर में उपनिरीक्षक सीधी भर्ती की लिखित परीक्षा शनिवार से कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच शुरू हो गई। परीक्षा जिले के छह केंद्रों पर आयोजित की जा रही है, जहां कुल 2160 अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं। परीक्षा 14 और 15 मार्च को दो-दो पालियों में आयोजित की जा रही है। पहली पाली सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक तथा दूसरी पाली दोपहर तीन बजे से शाम पांच बजे तक संचालित होगी। जिले में बनाए गए परीक्षा केंद्रों में बीएवी इंटर कॉलेज भगवतीगंज (240 अभ्यर्थी), बलरामपुर बालिका इंटर कॉलेज (240), एमडीके गर्ल्स इंटर कॉलेज (240), एमएलके पीजी कॉलेज (720), एमएलके पीजी कॉलेज कॉमर्स ब्लॉक (480) और एमपीपी इंटर कॉलेज (240) शामिल हैं। सभी केंद्रों पर परीक्षा शांतिपूर्ण और निष्पक्ष ढंग से कराने के लिए व्यापक प्रबंध किए गए हैं। सुरक्षा व्यवस्था के तहत प्रत्येक परीक्षा केंद्र के मुख्य प्रवेश द्वार पर अभ्यर्थियों की सघन तलाशी ली जा रही है। बिना जांच के किसी को भी परिसर में प्रवेश नहीं दिया जा रहा है। मोबाइल फोन, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण या अन्य संदिग्ध सामग्री ले जाने पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया गया है। परीक्षा कक्षों में सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से निगरानी की जा रही है, जबकि कंट्रोल रूम से सभी केंद्रों की गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जा रही है। इसके अलावा प्रत्येक केंद्र पर पुलिस बल के साथ मजिस्ट्रेट की भी तैनाती की गई है, ताकि किसी भी तरह की अनियमितता पर तुरंत कार्रवाई की जा सके। अपर पुलिस अधीक्षक विशाल पांडेय ने बताया कि परीक्षा को निष्पक्ष और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। उन्होंने कहा कि “सभी परीक्षा केंद्रों पर गेट पर तलाशी की व्यवस्था की गई है, जिससे कोई भी संदिग्ध सामग्री अंदर न जा सके। पुलिस और प्रशासन के अधिकारी लगातार निगरानी कर रहे हैं। परीक्षार्थियों की सुविधा और शहर में यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन की ओर से रूट डायवर्जन भी लागू किया गया है। साथ ही प्रमुख मार्गों पर रोडवेज बसों का संचालन बढ़ाया गया है, ताकि दूर-दराज से आने वाले अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्र तक पहुंचने में कोई परेशानी न हो। प्रशासन ने अभ्यर्थियों से अपील की है कि वे परीक्षा केंद्र पर निर्धारित समय से पहले पहुंचें और प्रवेश पत्र व पहचान पत्र साथ लेकर आएं, जिससे जांच प्रक्रिया में समय कम लगे और परीक्षा सुचारु रूप से संचालित हो सके।