यूपी के बलरामपुर में 793 ग्राम पंचायतों में छूटे हुए ग्रामीणों का आयुष्मान गोल्डन कार्ड, फैमिली आईडी कार्ड व फॉर्मर रजिस्ट्री करने के लिए शनिवार से विशेष शिविर लगे। पहले दिन शिविर में अव्यवस्था दिखी। प्रचार-प्रसार न होने के कारण कहीं ग्रामीण नहीं आए तो कहीं संबंधित कर्मचारी ही नहीं पहुंचे। लाभार्थियों का आयुष्मान गोल्डन कार्ड, फैमिली आईडी कार्ड व किसानों का फॉर्मर रजिस्ट्री की प्रगति जिले में ठीक नहीं है। ऐसे में प्रगति बढ़ाने के लिए जिला प्रशासन ने विशेष शिविर लगाने की रणनीति बनाई है। तीन से 10 जनवरी तक जिले की 793 ग्राम पंचायतों में विशेष शिविर लगाकर छूटे हुए लोगों का गोल्डन कार्ड व फैमिली आईडी बनाने के साथ ही किसानों का फॉर्मर रजिस्ट्री करना है। पहले दिन शनिवार को अव्यवस्था देखने को मिली। आकांक्षी ब्लॉक श्रीदत्तगंज क्षेत्र की ग्राम पंचायत गौर रमवापुर में आयोजित शिविर में कोई कर्मचारी नहीं पहुंचा। कृषि विभाग के एटीएम कमलेश सिंह, ग्राम सचिव राम सुरेश व लेखपाल अर्जुन प्रसाद की ड्यूटी निर्धारित थी। बावजूद इसके दोपहर लगभग 1.50 बजे तक कोई भी शिविर स्थल पर नहीं पहुंचे। ऐसे में यहां कुछ ग्रामीण इंतजार में बैठे हुए थे। पंचायत सहायक कोमल देवी के पति शिव नारायण मौर्य कार्य करते दिखे। उन्होंने बताया कि उनकी पत्नी की तबीयत खराब है, इसलिए नहीं आई हैं। ग्रामीण मो. जफर, बाली, शिव नारायण व रुकसाना ने बताया कि शिविर में कोई भी कर्मचारी व अधिकारी नहीं आए हैं। गोल्डन कार्ड व फैमिली आईडी बनवाने आए थे, अब वापस जा रहे हैं। दोपहर 1.50 बजे जब कुछ लोगों ने कर्मचारियों के नंबर पर कॉल किया, तब आनन-फानन में लेखपाल अर्जुन प्रसाद शिविर स्थल पर पहुंचे, लेकिन तब तक ग्रामीण वापस जा चुके थे। वहीं कृषि विभाग के एटीएम कमलेश सिंह ने बताया कि उनकी तबीयब खराब है। इसकी सूचना उच्चाधिकारियों को दी गई है। आशा संगिनी कुशमा वर्मा व आशा अनीता पांडेय मौजूद दिखीं। इसी तरह बायभीट गांव में शिविर में ग्रामीण ही नहीं पहुंचे। कृषि विभाग के टीएसी चंद्रिका प्रसाद ने बताया कि किसी भी किसान की फॉर्मर रजिस्ट्री नहीं हो पाई है। कुछ लोग आए थे, उनके खतौनी व आधार कार्ड में नाम अलग-अलग हैं, इसलिए सही कराने को कहा गया है।