प्रदेश के परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने रविवार को कहा कि वक्फ कानून के विरोध में पश्चिम बंगाल में हो रही हिंसा ममता बनर्जी सरकार के इशारे पर हो रही है। कहा कि पश्चिम बंगाल की ममता सरकार हर उस कार्य का विरोध करती है, जो जनता के हित में होता है और देश के हित में होता है। इसलिए जानबूझकर विरोध कराया जा रहा है। परिवहन मंत्री ने सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के पीडीए पर तंज कसते हुए कहा कि वह परिवार तक सीमित है, सपा प्रमुख एक बार तो कहें कि उनका अगला मुख्यमंत्री परिवार का और उनकी बिरादरी का नहीं होगा। इसके साथ ही आने वाले दिनों में कभी राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव होगा तो उन्हीं के बिरादरी के किसी अन्य व्यक्ति को राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाया जाएगा। कहा कि अखिलेश यादव उत्तर प्रदेश में लगातार जनाधार खोते जा रहे हैं। मंत्री ने कहा कि अखिलेश जी को सत्ता 2012 में विरासत में मिली थी। मुलायम सिंह यादव ने उनको मुख्यमंत्री बनाया था। जबकि मुख्यमंत्री पद के दावेदार शिवपाल सिंह यादव और सपा के अन्य वरिष्ठ नेतागण थे। उसके बाद से वह उत्तर प्रदेश में लगातार जनाधार खोते जा रहे हैं। नेता जी के साथ काम करने वाले लोग, जो पार्टी के संस्थापक सदस्य थे, एक- एक कर पार्टी छोड़ते जा रहे हैं। अखिलेश यादव की सपा लगातार हारती जा रही है। मंत्री यही नहीं रुकें और कहा कि 2014, 2017, 2019 और 2022 में लगातार हारे हैं। 2024 के लोस चुनाव में भ्रामक प्रचार करके कुछ सफलता अर्जित की थी, लेकिन उसके बाद उप चुनाव में 9 में से 7 सीट भाजपा जीती। दो सीट सपा जीती, जिसमें एक सीट करहल उन्हीं की थी।