जल जीवन मिशन के तहत बनाए गए ओवरहेड टैंक से सड़क तोड़ कर पाइप लाइन बिछ जाने के तीन साल बाद भी लोगों को पानी नहीं मिल रहा है। बैरमपुर भूड़ और उसके मजरे नगलिया बहादुरपुर के लोग अपने संसाधनों से प्यास बुझाने के साथ ही टूटी सड़क के कारण परेशानी झेल रहे हैं। आए दिन बाइक सवार हादसे का शिकार हो रहे हैं। ब्लॉक की ग्राम पंचायत बैरमपुर भूड़ में पिछले पंचायत चुनाव में 675 मतदाता थे, जबकि उसके मजरे नगलिया बहादुरपुर में 575 वोटर। बैरमपुर भूड़ में जाटव, जाट और सैनी आबादी है, वहीं नगलिया बहादुरपुर में जाट और मुस्लिम समाज के लोग रहते हैं। नगलिया बहादुरपुर में जल जीवन मिशन ने तीन साल पूर्व ओवरहेड टैंक का निर्माण शुरू कराया। इसके बराबर में ही सबमर्सिबल लगाया गया। दोनों गांवों में पाइप लाइन बिछाई गई। जिसके लिए दोनों गांवों की हरेक गली की पक्की सड़क को तोड़ दिया। ओवरहेड टैंक बनाने, सबमर्सिबल लगाने और पाइप लाइन बिछाने पर 1.28 करोड़ रुपये खर्च किए गए। लेकिन इसके बाद भी दोनों गांव के लोगों को उससे पानी नहीं मिल रहा है। ग्राम प्रधान राजेश सिंह ने बताया कि उन्होंने कई बार शिकायत की, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है। टूटी सड़क की मरम्मत तक नहीं की गई। भाकियूू चढ़ूनी के जिलाध्यक्ष राहुल सिद्धू नगलिया बहादुरपुर के रहने वाले हैं। उनका कहना है कि हरेक किसान दिवस में उन्होंने ओवरहेड टैंक से पानी आपूर्ति का मुद्दा उठाया, पर कोई गंभीरता से नहीं लेता।