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दस टन विस्फोटक केस: राजस्थान की सबसे बड़ी बरामदगी अब NIA के हवाले, राष्ट्रीय सुरक्षा एंगल से होगी जांच

Fri, 06 Feb 2026 08:09 PM IST
नागौर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नागौर

नागौर जिले के थांवला थाना क्षेत्र के हरसौर गांव से बरामद करीब 10 टन अवैध विस्फोटक के मामले में जांच ने बड़ा मोड़ ले लिया है। भारत सरकार के गृह मंत्रालय के निर्देश पर इस हाई-प्रोफाइल केस की जांच अब राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) को सौंप दी गई है। इसके बाद नागौर पुलिस की भूमिका अब सहयोगी एजेंसी तक सीमित रह गई है। यह मामला इसलिए भी अत्यंत संवेदनशील माना जा रहा है, क्योंकि यह राजस्थान में अब तक की सबसे बड़ी अवैध विस्फोटक बरामदगी है। प्रारंभिक जांच के दौरान NIA और इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) ने अहम इनपुट जुटाए थे। इन्हीं रिपोर्ट्स के आधार पर गृह मंत्रालय ने औपचारिक रूप से केस NIA को ट्रांसफर करने का आदेश जारी किया। गृह मंत्रालय के आदेश मिलते ही नागौर पुलिस अधीक्षक ने मामले से संबंधित पूरी केस डायरी और सभी जरूरी दस्तावेज NIA को सौंप दिए हैं। अब आगे की जांच, नेटवर्क की गहराई तक पहुंचने और संभावित आतंकी या संगठित अपराध से जुड़े लिंक की पड़ताल NIA द्वारा की जाएगी। क्या है पूरा मामला
24 जनवरी को नागौर पुलिस ने थांवला थाना क्षेत्र के हरसौर गांव में कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी सुलेमान खान के घर से करीब 9550 किलोग्राम अमोनियम नाइट्रेट, भारी मात्रा में डेटोनेटर, और ब्लास्टिंग में इस्तेमाल होने वाले वायर बरामद किए थे। इतनी बड़ी मात्रा में विस्फोटक मिलने से बड़े पैमाने पर जनहानि की आशंका जताई गई थी। सप्लाई नेटवर्क का भी खुलासा
मुख्य आरोपी सुलेमान खान की गिरफ्तारी के बाद पुलिस द्वारा गठित एसआईटी ने उसे विस्फोटक सप्लाई करने वाले चार बड़े सप्लायरों को अलग-अलग स्थानों से गिरफ्तार किया था। रिमांड के दौरान पूछताछ के बाद सभी आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। इसके अलावा, इस मामले में आधा दर्जन से अधिक लोगों को नामजद भी किया जा चुका है।

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अब जब मामला NIA के हवाले हो चुका है, तो एजेंसी द्वारा विस्फोटकों के स्रोत, अंतरराज्यीय और अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क तथा इनके संभावित आतंकी या संगठित अपराध में इस्तेमाल की गहन जांच की जाएगी। नागौर का यह मामला अब सिर्फ जिला या राज्य स्तर तक सीमित नहीं रहा, बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा गंभीर प्रकरण बन गया है। आने वाले दिनों में NIA की जांच से कई बड़े और चौंकाने वाले खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।

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