जबलपुर जिले में अंगदान करने वाले मजदूर का राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। मजदूर की एक किडनी इंदौर तथा एक किडनी जबलपुर के व्यक्ति को लगाई गई है। किडनी को जबलपुर के निजी अस्पताल तथा इंदौर ले जाने के लिए डुमना विमानतल में खड़ी एयर एंबुलेंस तक पहुंचाने के लिए दो ग्रीन कॉरिडोर बनाये गये थे।
गौरतलब है कि भेड़ाघाट निवासी पूरन चौधरी उम्र 56 को तीन दिन पूर्व उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज के सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में भर्ती किया गया था। मजदूरी का कार्य करते थे और काम के दौरान गिर गये थे, जिसके कारण उसके सिर में गंभीर चोट आई थी। डॉक्टरों ने जांच के दौरान पाया कि उनका ब्रेन डेड हो गया है।
इसके बाद डॉक्टरों ने परिवार के सदस्यों को अंगदान के लिए प्रेरित किया और उन्होंने सहमति प्रदान कर दी। इसके बाद अंगदान के लिए डॉक्टरों के द्वारा वेबसाइट में जानकारी लोड की गई। जबलपुर के एक निजी अस्पताल तथा इंदौर स्थित बाम्बे अस्पताल में भर्ती मरीज के लिए किडनी की आवश्यकता थी।
सीएमएचओ डॉ. संजय मिश्रा ने बताया कि किडनी पहुंचाने के लिए अस्पताल से डुमना एयरपोर्ट तथा दमोह नाका स्थित निजी अस्पताल तक दो ग्रीन कॉरिडोर जिला एवं पुलिस प्रशासन के सहयोग से तैयार किये गये थे। शुक्रवार की सुबह ऑपरेशन कर दो किडनी निकाली गयी। इसके बाद उन्हें डॉक्टरों की निगरानी में एंबुलेंस से भेजा गया। डुमना विमानतल से डॉक्टरों की निगरानी में एक किडनी इंदौर भेजी गयी है। इसके अलावा अंगदाता की आंख और त्वचा को सुरक्षित रखा गया है।
बरगी सीएसपी सुनील नेमा ने बताया कि अंगदाता का अंतिम संस्कार पूर्ण राजकीय सम्मान के साथ भेड़ाघाट स्थित सरस्वती घाट में किया गया। यह पहला अवसर है, जब जिले में किसी अंगदाता का अंतिम संस्कार राजकीय सम्मान के साथ किया गया है।