फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rahul Gandhi in Indore: जल कांड पीड़ितों के परिजनों से मिले राहुल गांधी

Sat, 17 Jan 2026 09:24 PM IST
आदर्श अमर उजाला डिजिटल डॉट कॉम

इंदौर के भागीरथपुरा क्षेत्र में दूषित पानी पीने से हुई मौतों और बड़ी संख्या में बीमार लोगों के मामले ने राजनीतिक और सामाजिक हलकों में हलचल मचा दी है। इसी कड़ी में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी शुक्रवार को इंदौर पहुंचे और पीड़ितों से सीधे मुलाकात कर उनका दर्द सुना। राहुल गांधी ने सबसे पहले बॉम्बे अस्पताल जाकर भर्ती मरीजों और उनके परिजनों से मुलाकात की। करीब 15 मिनट तक उन्होंने इलाज, हालात और प्रशासनिक मदद को लेकर जानकारी ली। इस दौरान उनके साथ दिग्विजय सिंह, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी, नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंगार और पूर्व मुख्यमंत्री कमल नाथ भी मौजूद रहे।

अस्पताल से निकलने के बाद राहुल गांधी सीधे भागीरथपुरा बस्ती पहुंचे, जहां दूषित जल कांड से प्रभावित परिवारों से उन्होंने आमने-सामने बातचीत की। यहां उन्होंने मृतकों के स्वजनों और पीड़ित परिवारों को एक-एक लाख रुपये की आर्थिक सहायता का चेक सौंपा। पीड़ितों से संवाद के दौरान राहुल गांधी ने कहा कि “इस लापरवाही का कोई न कोई जिम्मेदार जरूर होगा। आज भी यहां लोगों को साफ पानी नहीं मिल रहा है। गंदा पानी पीने से लोगों की जान गई है, और सरकार अपनी जिम्मेदारी से नहीं बच सकती।”

राहुल गांधी ने स्मार्ट सिटी के दावों पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा, “कहा गया था कि देश को स्मार्ट सिटी दी जाएंगी, लेकिन ये कैसी स्मार्ट सिटी है जहां पीने का साफ पानी तक उपलब्ध नहीं है। इंदौर जैसे शहर में लोग पानी पीकर मर रहे हैं, यही है अर्बन मॉडल।” उन्होंने यह भी कहा कि ऐसी स्थिति सिर्फ इंदौर में नहीं, बल्कि देश के कई शहरों में है, जहां साफ पानी और कम प्रदूषण जैसी बुनियादी सुविधाएं सरकार मुहैया नहीं करा पा रही है।

पानी की टंकी की ओर इशारा करते हुए राहुल गांधी ने उसे “सिंबल” बताया। उन्होंने कहा कि फिलहाल सिर्फ बैंडेज लगाया गया है, जो कुछ दिनों तक चलेगा। “जब मीडिया और देश का ध्यान रहेगा, तब तक काम होगा, लेकिन जैसे ही ध्यान हटेगा, हालात फिर वही हो जाएंगे।” उन्होंने जोर देकर कहा कि पीड़ित चाहते हैं कि स्थायी समाधान हो और सरकार अपनी जिम्मेदारी निभाए।

मीडिया के सवालों पर राहुल गांधी ने साफ कहा कि वे यहां विपक्ष के नेता के तौर पर आए हैं, न कि राजनीति करने। “यह राजनीति नहीं है, यहां लोगों की मौत हुई है। अगर देश में लोगों को साफ पानी नहीं मिल रहा है, तो मेरा कर्तव्य है कि मैं उनके साथ खड़ा रहूं। इसे आप राजनीति कहें या कुछ और, मुझे फर्क नहीं पड़ता,” उन्होंने कहा।

विज्ञापन

Latest

Recommended

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
AU ऐप में पढ़ें