भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष रहे नितिन गडकरी को बीते दिनों पार्टी ने नई संसदीय बोर्ड और केंद्रीय चुनाव समिति दोनों से ही बाहर कर दिया, इसके बाद से ही नितिन गडकरी लगातार सुर्ख़ियों में बने हुए हैं। संसदीय बोर्ड से बाहर होने के बाद गडकरी ने कई ऐसे बयान भी दिए, जो पार्टी को चुभ भी सकते है। केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी को बीजेपी की संसदीय बोर्ड से हटाने का फ़ैसला राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ यानी आरएसएस के आला नेताओं की सहमति से लिया गया था।