क्या पासपोर्ट सिर्फ विदेश यात्रा का दस्तावेज है, या फिर ये भारतीय नागरिक होने का भी सबूत है? हाल के दिनों में आए केंद्र सरकार के एक बयान के बाद ये मुद्दा चर्चा में आ गया है... मुद्दे पर विपक्ष ने सरकार को घेरना शुरू कर दिया है.. दरअसल केंद्र सरकार ने साफ कहा है कि पासपोर्ट नागरिकता का प्रमाण नहीं, बल्कि विदेश यात्रा के लिए जारी किया जाने वाला मात्र एक दस्तावेज है। इस बयान के साथ मंत्रालय ने पासपोर्ट सेवाओं से जुड़े कई आंकड़े भी पेश किए... वहीं केंद्र इस बयान के बाद विपक्ष ने सरकार से कई सवाल पूछे हैं और इस विषय पर नई बहस शुरू हो गई है...
केंद्र सरकार के इसी बयान पर मशहूर वकील, राजनीतिज्ञ कपिल सिब्बल, मशहूर लेखक जावेद अख्तर समेत कई कांग्रेसी नेताओं ने तीखी प्रतिक्रया दी है और केंद्र की मोदी सरकार को लपेटे में लिया है... मामले में कांग्रेस नेता कपिल सिब्बल ने सवाल उठाया, सिब्बल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट की जिसमें लिखा कि अगर पासपोर्ट नागरिकता का सबूत नहीं है, तो फिर कौन सा दस्तावेज नागरिकता साबित करेगा... सिब्बल ने इस मुद्दे को चुनाव से जोड़ते हुए कहा कि इसी आधार पर बूथ लेवल अधिकारी किसी की नागरिकता पर शक कर सकते हैं और वोट देने के अधिकार से वंचित कर दिया जाता है और BJP चुनाव जीत जाती है... सिब्बल ने आगे कहा कि अब ये मामला सुप्रीम कोर्ट में जाना चाहिए...