उपमंडल भोरंज के बस्सी-तत्ताहर सड़क मार्ग पर पहली ही तेज बारिश ने लोक निर्माण विभाग की तैयारियों की पोल खोल दी। मंगलवार सुबह हुई मूसलाधार बारिश के बाद नगरोटा गजियां के समीप चैंथ खड्ड, फगलोट में लिंडी खड्ड और सीर खड्ड पर बनी अस्थाई सड़कें पानी के तेज बहाव में बह गईं। इसके चलते बस्सी-तत्ताहर मार्ग पर यातायात पूरी तरह बंद हो गया और आसपास के कई गांवों का संपर्क प्रभावित हो गया। ग्रामीणों के अनुसार तीनों स्थानों पर पुल निर्माण कार्य लंबे समय से जारी है। पुलों का काम पूरा नहीं होने के कारण लोगों की आवाजाही के लिए खड्डों के बीच से अस्थाई सड़कें तैयार की गई थीं। मंगलवार सुबह बारिश के बाद अचानक खड्डों का जलस्तर बढ़ गया और तेज बहाव अपने साथ अस्थाई मार्ग को बहा ले गया। कुछ ही समय में सड़क पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और वाहनों की आवाजाही रोकनी पड़ी। स्थानीय लोगों का कहना है कि मानसून से पहले उन्होंने लोक निर्माण विभाग और संबंधित ठेकेदारों को खड्डों में जलस्तर बढ़ने की संभावना को लेकर कई बार अवगत करवाया था। ग्रामीणों ने पुल निर्माण कार्य जल्द पूरा करने और अस्थाई मार्ग को सुरक्षित बनाने की मांग भी उठाई थी। लोगों का आरोप है कि समय रहते उचित कदम नहीं उठाए गए, जिसका खामियाजा अब क्षेत्रवासियों को भुगतना पड़ रहा है। सड़क बंद होने से लोगों को अस्पताल, कॉलेज, सरकारी कार्यालयों और बाजारों तक पहुंचने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों के अनुसार यह मार्ग कई गांवों के लिए मुख्य संपर्क सड़क है। वहीं, लोक निर्माण विभाग भोरंज के अनुभाग भरेड़ी के कनिष्ठ अभियंता प्रवीण कुमार ने बताया कि खड्डों में जेसीबी मशीनें तैनात कर दी गई हैं। जलस्तर कम होने के बाद सड़क बहाली का काम युद्ध स्तर पर शुरू कर दिया गया है। विभाग जल्द ही मार्ग को यातायात के लिए बहाल करने का प्रयास कर रहा है।