भारतीय मजदूर संघ सदस्यों ने समान काम समान वेतन की मांग को लेकर बुधवार को शहर में प्रदर्शन किया। इसके बाद जिला राजस्व विभाग अधिकारी राजकुमार को केंद्रीय और राज्य श्रम मंत्री के नाम ज्ञापन दिया। बुधवार सुबह भारतीय मजदूर संघ के कार्यकर्ता गोहाना रोड पर पुराना बस स्टैंड पर एकत्रित हुए हुए। इसके बाद प्रदर्शन करते हुए डीसी कार्यालय पहुंचे। इस दौरान प्रांत मंत्री जितेंद्र वत्स और जिलाध्यक्ष राममेहर जांगड़ा ने मांग करते हुए कहा कि सरकार द्वारा सभी सेक्टर तथा सभी श्रमिकों के लिए श्रम कानूनों को बिना किसी छूट के अंत्योदय की सच्ची भावना के साथ एक साथ लागू किया जाए। इंडियन लेबर कॉन्फ्रेंस को बहाल किया जाए। अनेक त्रिपक्षीय कमेटियों का पुनर्गठन किया जाए। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाए कि यह समितियां प्रभावी एवं नियमित रूप से श्रमिकों के कल्याण हेतु व्यवहारिक रूप से कार्य करें। ईपीएस-95 के अंतर्गत न्यूनतम पेंशन एक हजार रुपये से बढ़ाकर 7500 रुपये प्रतिमाह महंगाई भत्ता की राहत के साथ लागू किया जाए। ईपीएफ में अनिवार्य अंशदान के लिए राशि सीमा 15 हजार बढ़ाकर 30 हजार रुपये प्रतिमाह किया जाए। बैंको में पांच दिवसीय साप्ताहिक कार्य लागू किया जाए। आम भर्ती पर लगी रोक तुरंत हटाया जाए तथा नौकरियों में बिना किसी अनिश्चितता या असुरक्षा के गारंटी रोजगार का भरोसा दिया जाए, हरियाणा प्रदेश के सभी डीआईटीएस के कर्मचारियों, सभी विश्वविद्यालयों के कर्मचारियों, सहकारिता विभाग के कर्मचारियों कच्चे कर्मचारियों को सेवा सुरक्षा नियम के दायरे में लेकर आयें, जिनकी सेवाएं पांच वर्ष से कम है उन कर्मचारियों के लिए भी सेवा नियम बनाए जाएं। हरियाणा प्रदेश के श्रम विभाग के पोर्टल को तुरंत खोला जाए ताकि श्रमिकों को उनके लाभ मिल सके, आंगनबाड़ी वर्कर एवं हेल्पर को नियमित कर सरकारी कर्मचारी का दर्जा दिया जाए। इस अवसर पर पब्लिक हेल्थ कर्मचारी संघ के प्रदेशाध्यक्ष दलबीर सिंह, अनुबंध विद्युत कर्मचारी संघ के कार्यकारी अध्यक्ष सुभाष शर्मा, अनुबंध स्वास्थ्य कर्मचारी संघ के प्रदेश महामंत्री मनीष कुमार और जिला मंत्री विनोद शर्मा भी मौजूद रहे।