जिला परिषद चेयरपर्सन सुमन खिचड़ के खिलाफ वीरवार को करीब 12 जिला पार्षदों ने एकजुट होकर उपायुक्त से मुलाकात की और उन्हें ज्ञापन सौंपा। पार्षदों ने आरोप लगाया कि बीते 2 साल 8 महीने में परिषद के कार्यों में कोई प्रगति नहीं हुई है। उन्होंने बताया कि परिषद की बैठकें समय पर नहीं होतीं, जिससे विकास कार्य ठप पड़े हुए हैं। पार्षदों का कहना है कि क्षेत्र की जनता उन्हें चुनकर भेजती है ताकि वे विकास कार्य करवा सकें, लेकिन चेयरपर्सन की उदासीनता के चलते ना तो कोई प्रस्ताव पास हो पा रहा है और ना ही जरूरी कार्यों को मंजूरी मिल रही है। पार्षदों ने मांग की है कि जिला उपायुक्त इस स्थिति को गंभीरता से लेते हुए जल्द से जल्द विशेष बैठक बुलाएं ताकि लंबित कार्यों की समीक्षा की जा सके और विकास की गति को तेज किया जा सके। पार्षदों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द समाधान नहीं निकला तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे। डीसी मनदीप कौर ने कहा कि सीईटी परीक्षा के बाद अविश्वास प्रस्ताव को लेकर बैठक बुलाई जाएगी।