लोहारू क्षेत्र के उजाड़िया मंदिर में नवरात्रि के पावन अवसर पर पुजारी सुरेश तिवारी द्वारा एक बार फिर कठोर तपस्या का संकल्प लिया गया है। 19 मार्च से 27 मार्च तक चलने वाली इस नौ दिवसीय तपस्या के दौरान वे दुर्गा माता की प्रतिमा के सामने 4270 लोहे की कीलों पर लेटकर साधना करेंगे और पूर्ण मौन व्रत धारण करेंगे। ज्योतिषाचार्य अनिल शास्त्री ने बताया कि यह सुरेश तिवारी की लगातार तीसरी तपस्या है। तपस्या के दौरान वे अन्न और जल का पूर्ण त्याग करेंगे तथा पूरे समय मौन रहकर साधना में लीन रहेंगे। नवरात्रि की नवमी के दिन पंचामृत ग्रहण कर वे अपना व्रत पूर्ण करेंगे। मंदिर परिसर में धार्मिक माहौल बना हुआ है। प्रतिदिन सुबह 9 बजे हवन किया जा रहा है, वहीं सांय 4 बजे महिलाओं द्वारा भजन-कीर्तन का आयोजन किया जाता है, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु भाग ले रहे हैं। सहायक अनिल शर्मा ने बताया कि यह तपस्या लोहारू क्षेत्र की सुख-शांति, समृद्धि और कल्याण के लिए की जा रही है। नवरात्रि के दौरान मंदिर में भक्तों का निरंतर आना-जाना लगा हुआ है और श्रद्धालु माता के दरबार में मत्था टेककर आशीर्वाद प्राप्त कर रहे हैं। इस मौके पर सेठ वासु मतानी और सिवांस तिवारी ने बताया की ये एक ऐसे व्यक्ति है जो अपने परिवार में जो पिछले तीन वर्षों से लगातार इतनी कठोर तपस्या कर रहे हैं। तपस्या के दौरान उनकी पत्नी और माता भी भावुक नजर आईं और इसे परिवार व क्षेत्र के लिए गर्व का विषय है।