जिला न्यायाधीश अवनीश सक्सेना ने पत्नी की हत्या के मामले में आरोपी को सबूतों के अभाव और गवाही में विसंगतियों के आधार पर बरी कर दिया। न्यायालय ने फैसले में कहा कि अभियोजन पक्ष आरोपी के खिलाफ दोष साबित करने में पूरी तरह विफल रहा। साढ़े तीन साल से अधिक समय से जेल में बंद आरोपी ने अधिवक्ता नहीं कर पाने पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण से गुहार लगाई थी। इसके बाद लीगल एड डिफेंस काउंसिल सिस्टम (एलएडीसीएस) के अधिवक्ता की ओर से आरोपी की कोर्ट में निशुल्क पैरवी की गई।