पर्यावरण कार्यकर्ता और लद्दाख के शिक्षाविद सोनम वांगचुक का नीट परीक्षा में कथित पेपर लीक और छात्र संबंधी मुद्दों को लेकर 26 दिनों से जारी अनशन आखिरकार समाप्त हो गया है। उन्हें गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका चौथे दिन भी उपचार जारी है। इस बीच, अस्पताल के आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।डाक्टरों की सलाह पर अभी पहले दिन सेमी लिक्विड दिया गया है। स्वास्थ्य की स्थिति और अस्पताल में स्थानांतरण सोनम वांगचुक को इंटरनल मेडिसिन स्पेशलिस्ट डॉ. सुशीला कटारिया की देखरेख में आईसीयू 8 में भर्ती कराया गया था। दिल्ली हाईकोर्ट के आदेश के बाद उन्हें सफदरजंग अस्पताल से मेदांता अस्पताल में स्थानांतरित किया गया था। उनकी पैन्साइटोपेनिया की समस्या बनी हुई है, हालांकि मेडिकल पैरामीटर स्थिर बताए जा रहे हैं।