बसना पुलिस ने बुधवार को करोड़ों के अवैध मिनरल व्यापार का खुलासा किया है। पुलिस ने हाईवे पर ट्रकों से हो रही स्पंज आयरन चोरी का पर्दाफाश किया। इसमें 106 करोड़ रुपये से अधिक का अवैध व्यापार और लेनदेन पकड़ा गया है।
पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें ट्रक ड्राइवर सोनूलाल मोंगरे और रामेश्वर मानिकपुरी शामिल हैं। सोहेला, ओडिशा निवासी रंजित सिंह माल डंप करता था। पुसौर, रायगढ़ निवासी तारक घोष फर्जी बिल बनाता था।
पुलिस अधीक्षक प्रतिभा पांडेय ने बताया कि यह मामला 25 फरवरी को सामने आया। मुखबिर की सूचना पर ओडिशा बॉर्डर पर दो ट्रक रोके गए। ट्रकों में स्पंज आयरन भरा था, पर ड्राइवरों के पास दस्तावेज नहीं थे। माल को धारा 106 भारतीय न्याय संहिता (बीएनएसएस) के तहत जब्त किया गया। जांच में रंजित सिंह द्वारा चोरी स्पंज आयरन का अवैध भंडारण सामने आया। वह फर्जी बिलों से लोहराचट्टी से रायपुर उरला तक परिवहन करता था।
आरोपी लोहराचट्टी से रायपुर परिवहन के लिए फर्जी बिल देते थे। रायगढ़ की इस्पात कंपनी के संचालक तारक घोष इसमें शामिल थे। जांच में इस्पात फर्म की गतिविधियों से उनकी संलिप्तता मिली। मासिक वेतन पर तीन कामगारों के नाम पर फर्जी बिक्री कंपनी बनाई गई। फर्जी बिलिंग से यह फर्जीवाड़ा होता था।
हवाला लेनदेन की जांच
अब तक 106 करोड़ रुपये से अधिक का स्पंज आयरन चोरी और व्यापार पाया गया। जांच में करोड़ों रुपये के हवाला लेनदेन के सबूत भी मिले हैं। आरोपियों पर थाना बसना में विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज हुआ है। महासमुंद पुलिस ने स्पेशल टीम गठित की है। यह टीम मामले के अन्य पहलुओं पर भी जांच कर रही है।