सरगुजा जिला के अंबिकापुर शहर में पुलिस विभाग से जुड़े एक आरक्षक और उसकी पत्नी पर लाखों की ठगी का गंभीर आरोप सामने आया है। गांधीनगर थाना पुलिस ने एक महिला की शिकायत पर आरक्षक प्रवीण प्रताप सिंह और उसकी पत्नी अल्का प्रताप सिंह के खिलाफ 20 लाख रुपए की धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि आरोपी वर्तमान में अंबिकापुर सीएसपी का ड्राइवर है और पुलिस विभाग में पदस्थ होने का रौब दिखाकर लंबे समय तक रुपए लौटाने से बचता रहा।
जानकारी के मुताबिक, पीड़िता अनुपमा सिंह ने बताया कि अल्का सिंह रिश्तेदार होने के कारण दोनों परिवारों के बीच भरोसे का संबंध था। इसी भरोसे का फायदा उठाते हुए वर्ष 2023 में प्रवीण और अल्का ने जमीन खरीदने तथा पीडब्ल्यूडी में 75 लाख रुपए का भुगतान अटका होने का हवाला देकर 30 लाख रुपए उधार लिए थे। उन्होंने आश्वासन दिया था कि विभाग से भुगतान मिलते ही पूरी राशि लौटा देंगे। जो पटपरिया क्षेत्र में ब्यूटी पार्लर संचालित करती हैं।
समय बीतने के बावजूद रुपए वापस नहीं किए गए। लगातार दबाव बनाने पर आरोपियों ने मार्च 2025 में केवल 10 लाख रुपए लौटाए। शेष 20 लाख रुपए के बदले जून 2025 में 10-10 लाख रुपए के दो चेक दिए, लेकिन बैंक में प्रस्तुत करने पर दोनों चेक बाउंस हो गए।
महिला का कहना है कि कानूनी नोटिस भेजने के बाद भी आरोपियों ने पूरी रकम लौटाने से इनकार कर दिया और उल्टा केवल 13 लाख रुपए देने की बात कही। इतना ही नहीं, पुलिस विभाग में होने का प्रभाव दिखाकर झूठे मामलों में फंसाने की धमकी देने का भी आरोप लगाया गया है।
पीड़िता ने अपनी शिकायत में यह भी दावा किया है कि आरोपी आरक्षक ने अन्य 3-4 लोगों से भी लाखों रुपए उधार लेकर गबन किया है। फिलहाल गांधीनगर थाना पुलिस ने प्रवीण प्रताप सिंह और उसकी पत्नी अल्का प्रताप सिंह के खिलाफ धोखाधड़ी (420)और (34) साझा आपराधिक मंशा से अपराध दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि आरोपियों ने इसी तरह अन्य लोगों से भी रकम लेकर धोखाधड़ी तो नहीं की है।