ग्रामीण मानव शृंखला बनाकर कर रहे नदी-नाले पार
बहने और बोल्डर गिरने का बना हुआ है भय
उत्तरकाशी। जनपद के मोरी विकासखंड के दूरस्थ पांच गांव ढाटमीर, पंवाणी, ओसला, गंगाड़ और तालुका को जोड़ने वाली सांकरी-गंगाड़ मोटर मार्ग का बड़ा हिस्सा गियांगाड़ व हलारा खड्ड में सड़क बहने के कारण विकासखंड मुख्यालय से संपर्क कट गया है। ग्रामीण उफान पर बह रहे दोनों नालों के बीच मानव शृंखला बनाकर आवाजाही करने को मजबूर हैं। स्थिति यह है कि एक ओर से पानी में बहने का खतरा तो ऊपर से बोल्डर गिरने का खतरा बना है।
सांकरी-गंगाड़ मोटर मार्ग पर गियांगाड़ व हलारा खड्ड में सड़क पर लगे नारदाने बहने के कारण वहां पर आवाजाही में लोगों को खतरे का सामना करना पड़ रहा है। वहीं पानी के साथ आए बोल्डर भी लोगों की परीक्षा ले रहे हैं। स्थिति यह है कि सड़क पानी में क्षतिग्रस्त होने के कारण अब इन पांच गांव के लोगों का संपर्क मोरी विकासखंड मुख्यालय से टूट गया है।
इससे ग्रामीण अब गांव से सांकरी पहुंचने के लिए करीब 20 से 25 किमी की पैदल दूरी नाप रहे हैं। स्थानीय निवासी प्रकाश पंवार, लाल सिंह रावत, राजपाल रावत आदि का कहना है कि इस संबंध में कई बार शासन-प्रशासन से गुहार लगाई गई लेकिन अभी तक वहां पर वैकल्पिक व्यवस्था नहीं हो पाई है। कई बार पुल और बाईपास की मांग की गई है लेकिन किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं हो पाई।
ग्रामीणों का कहना है कि ऐसी स्थिति में सबसे अधिक परेशानी का सामना लोगों को किसी के बीमार और गर्भवती महिलाओं को अस्पताल पहुंचाने में होती है। साथ ही अब काश्तकारों की नकदी फसलों के नुकसान का खतरा बढ़ गया है। उन्होंने शासन-प्रशासन से जल्द ही वहां पर वैकल्पिक व्यवस्था करने की मांग की है।