भूमाफियाओं ने एल्डिको और सिडकुल की लगभग 10 करोड़ रुपये की बेेशकीमती जमीन पर अवैध कब्जा कर लिया है। जमीन पर माफियाओं ने अवैध तरीके से झोपड़ियां बना रखी हैं। कई माफियाओं ने पक्के निर्माण कराकर फैक्ट्रियों में काम करने वाले बाहरी श्रमिकों को भवन किराए पर दे दिए हैं। कई बार एल्डिको और सिडकुल ने जमीन को अतिक्रमणमुक्त कराने का प्रयास किया। सिडकुल और एल्डिको के बार-बार प्रशासन से जमीन पर किए गए अवैध कब्जे हटाने की मांग करने के बावजूद अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई।
उकरौली, लक्ष्मीझाला और सिद्ध गर्ब्यांग गांव के पास सिडकुल की खाली पड़ी करीब 9 एकड़ भूमि पर सौ परिवारों ने झोपड़ियां डालकर और पक्का निर्माण कर अवैध कब्जा कर रखा है। इसकी कीमत करीब 7 करोड़ रुपये है। इसके अलावा एल्डिको द्वारा 21 एकड़ जमीन में बनाई जा रही ग्रीन कालोनी में भी माफियाओं ने लगभग तीन करोड़ रुपये की डेढ़ एकड़ भूमि पर अवैध कब्जा कर पक्के भवन बना दिए हैं। इतना ही नहीं, इन माफियाओं द्वारा बनाए गए पक्के भवनों में बाहरी श्रमिक किराए पर रखे गए हैं। सिडकुल द्वारा जमीन की रखवाली के लिए गार्ड तो तैनात किए गए हैं।
लेकिन, माफियाओं की दबंगई के आगे ये गार्ड कुछ नहीं कर पाते। सिडकुल द्वारा समय-समय पर प्रशासन से जमीन पर हो रहे अवैध कब्जे हटाने व पक्के निर्माण को रोकने की मांग की जाती है। लेकिन, प्रशासन द्वारा कोई जहमत नहीं उठाई जा रही है। जिससे भूमाफियाओं के हौसले बुलंद हैं और एल्डिको व सिडकुल की जमीन पर अवैध कब्जे बेरोकटोक जारी हैं।