काशीपुर में प्रेस वार्ता करते स्कूल प्रबंधक।
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काशीपुर। विद्यार्थियों से स्कूल की फीस लेने के संबंध में तराई इंडिपेंडेंट स्कूल वेलफेयर सोसायटी और ऊधम सिंह नगर प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन ने कहा कि ऑनलाइन शिक्षा लेने वाले और न लेने वाले सभी को शुल्क देना ही होगा। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट और शिक्षा सचिव उत्तराखंड के आदेशों का हवाला देते हुए यह निर्णय लिया।
शुक्रवार को गुरुनानक स्कूल में तराई इंडिपेंडेंट स्कूल वेलफेयर सोसायटी और ऊधम सिंह नगर प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने एक पत्रकार वार्ता की। पदाधिकारियों ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेशानुसार सभी विद्यार्थियों को स्कूल का शुल्क देना अनिवार्य है। चाहे उन्होंने ऑनलाइन शिक्षा ली हो अथवा नहीं। इसी प्रकार राज्य के शिक्षा सचिव ने अपने आदेश में स्पष्ट किया है कि अभिभावकों से वर्ष 2020-21 का शुल्क लिया जाएगा। कोई भी स्कूल बिना स्थानांतरण पत्र के विद्यार्थी को अपने स्कूल में प्रवेश नहीं देगा। इसका पालन न करने वाले स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। पूर्ण सत्र का शुल्क जमा किए बगैर किसी भी छात्र को अगली कक्षा में प्रोन्नत करना संभव नहीं होगा। जाली प्रमाण पत्रों के आधार पर प्रवेश लेने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। सीबीएसई दिल्ली के आदेशानुसार विद्यालय का नया सत्र अप्रैल 2021 से प्रारंभ किया जाएगा। बैठक में स्कूल प्रबंधक गुरविंदर सिंह, अनुराग सिंह, सुरेंद्र कुमार शर्मा, अनुज भाटिया, राहुल पैगिया, बंसत बल्लभ भट्ट, ललित रौतेला, कुलदीप सिंह, पंकज भल्ला, अमनजोत कौर, जसपाल चड्ढा, दिलप्रीत सिंह आदि थे।
कक्षा एक से पांच तक सिर्फ शिक्षण शुल्क लेंगे
काशीपुर। एसोसिएशन के अनुसार कक्षा एक से पांच तक के छात्रों का सिर्फ शिक्षण शुल्क लिया जाएगा। कक्षा छह, नौ और 11 के बच्चों से स्कूल फरवरी 2021 से आगे का पूर्ण शुल्क ले सकता है। वहीं, कक्षा 10 और 12 के छात्रों का नवंबर 2020 से पूर्ण शुल्क लिया जा सकता है। किसी भी अभिभावक को किसी प्रकार की समस्या होने पर वह हेल्पलाइन नंबर 9027041443 पर संपर्क कर सकते हैं।