रुद्रपुर मंडी निदेशालय के बाहर आमरण अनशन पर बैठे इंजीनियर विजय कुमार व अन्य।
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डिप्लोमा इंजीनियर्स संघ राज्य कृषि विपणन बोर्ड की ओर से दो सूत्री मांगों को लेकर आमरण अनशन दूसरे दिन भी जारी रहा। उच्चाधिकारियों पर उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए उन्होंने जमकर नारेबाजी की और आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी।
बृहस्पतिवार को संघ के महासचिव विजय कुमार तिवारी का आमरण अनशन दूसरे दिन भी जारी रहा। संघ के अध्यक्ष अजय कुमार पैन्युली ने कहा कि दो सूत्री मांग को लेकर आंदोलन चल रहा है, लेकिन उनकी मांगों पर सुनवाई की बजाए उत्पीड़नात्मक कार्यवाही की जा रही है। निर्माण खंड हल्द्वानी के उपमहाप्रबंधक (तकनीकी) वीपी जोशी से मंडी समिति क्षेत्र खटीमा हटा दिया है और निदेशालय के नियंत्रण में क्षेत्र को लिया गया है।
प्रबंध निदेशक ने आमरण अनशन पर बैठे विजय कुमार तिवारी और आंदोलन में शामिल मोहसिन अली खान से सहायक इंजीनियर के प्रभारी का कार्यभार वापस लेने के आदेश जारी किए हैं। विजय तिवारी पांच सालों से प्रभारी सहायक इंजीनियर का कार्य कर रहे हैं। आंदोलन स्थल पर बिजली और पानी की आपूर्ति के लिए भी रोक दी गई है। कहा कि उत्तराखंड डिप्लोमा इंजीनियर्स महासंघ के सदस्यों ने अनशन स्थल पर आकर अपना समर्थन दिया। इस दौरान विनोद कुमार, उमेश चंद्र श्रीवास्तव, मोहसिन अली खां, बृजलाल गुप्ता, अजय टम्टा, पीसी बहुगुणा, जीसी कोटलिया, योगेश सतराड़ी, हरीश बसेड़ा आदि रहे।
मुख्यमंत्री का क्षेत्र होने की वजह से सुपरविजन करने के लिए खटीमा क्षेत्र को निर्माण खंड हल्द्वानी से हटाकर मुख्यालय से संबद्ध किया गया है। डिप्लोमा इंजीनियर्स जिस अपर सहायता अभियंता में पदोन्नति की मांग कर रहे हैं, वह पद नियमावली में शामिल ही नहीं है। जब नियमावली में पद नहीं है तो पदोन्नति कैसे की जा सकती है। इसके अलवा अनुशासनहीनता की वजह से प्रभारी का कार्यभार हटाया गया है और अन्य अधिकारियों से काम लिया जा रहा है। उत्पीड़न जैसे आरोप बेबुनियाद हैं। -निधि यादव, प्रबंध निदेशक, मंडी परिषद।