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Udham Singh Nagar News: कुंभकर्ण वध पर गूंजे श्रीराम के जयकारे

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रुद्रपुर। नगर की प्राचीन बस स्टैंड वाली रामलीला में हनुमान की किष्किंधा वापसी से लेकर कुंभकर्ण वध तक के प्रसंग का मंचन किया गया। इससे पहले रामलीला का शुभारंभ विधायक शिव अरोरा ने सपरिवार दीप प्रज्ज्वलित कर किया।
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रविवार की रात रामलीला की शुरुआत लंका से लौटे हनुमान की ओर से श्रीराम को माता सीता की सूचना और चूड़ामणि देने से हुई। इसके बाद रावण दरबार में विभीषण नीति का उपदेश, रावण की ओर से उनका निष्कासन और विभीषण का रामदल में शामिल होना दिखाया गया। लंका में अंगद-रावण संवाद आकर्षण का केंद्र रहा। कुंभकर्ण को नींद से जगाने और राम की ओर से उसका वध करने का मंचन हुआ। विधायक अरोरा ने रामलीला मंच के विकास के लिए 10 लाख रुपये की घोषणा की। वहां रामलीला कमेटी के अध्यक्ष मनोज गाबा, महामंत्री सुशील गाबा, संरक्षक विधायक तिलक राज बेहड़ आदि थे।

अंगद ने समझाया पर रावण न माना
रुद्रपुर। इंद्रा कॉलोनी में श्री शिव नाटक क्लब की रामलीला के 12वें दिन अंगद-रावण संवाद, लक्ष्मण-मेघनाद युद्ध, लक्ष्मण मूर्छा और संजीवनी प्रसंग का मंचन हुआ। रामलीला में अंगद अंतिम बार शांति प्रस्ताव लेकर रावण दरबार पहुंचे लेकिन अहंकारी रावण ने समझाने पर भी सीता को लौटाने से इनकार कर दिया। इसके बाद लक्ष्मण-मेघनाद के युद्ध, लक्ष्मण को शक्ति लगने, हनुमान का सुषेण वैद्य को लाना और संजीवनी बूटी से लक्ष्मण की मूर्छा का टूटना प्रसंग का मंचन किया गया। इससे पूर्व पूर्व सांसद बलराज पासी और समाजसेवी रमेश अरोरा ने रामलीला का शुभारंभ किया। ब्यूरो
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फोटो : 19 आरडीपी 14पी - रुद्रपुर की रामलीला में मंचन करते कलाकार। स्रोत : आयोजक
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मायावी मेघनाद के शक्ति अस्त्र से लक्ष्मण हुए मूर्छित
खटीमा। सनातन श्री रामलीला पात्र परिषद की ओर से आयोजित रामलीला मंचन के नवें दिन हनुमान की लंका से वापसी, विभीषण शरणागति रामेश्वरम स्थापना सेतु बंधन, अंगद-रावण संवाद, लक्षण-मेघनाद युद्ध तक के प्रसंगों का मंचन किया गया। नल व नील की अगुवाई में भगवान श्रीराम की सेना लंका की ओर प्रस्थान करती है। अंगद राम के दूत के रूप में लंका में पहुंचकर रावण के समक्ष शांति प्रस्ताव रखते हैं जिसको रावण के न मानने पर युद्ध की घोषणा होने पर श्रीराम और रावण की सेना आपस में युद्ध करती है। मेघनाद से युद्ध में लक्ष्मण को शक्ति लगना, हनुमान का संजीवनी बूटी लाना और लक्ष्मण की मूर्छा का टूटना प्रसंग का मंचन किया गया। वहां गौरीशंकर अग्रवाल, वीरेंद्र रावत, इंद्रेश कुमार, जतिन कक्कड़, विजय गुप्ता, भगवान दास गुप्ता आदि थे। संवाद

देवरी में 21 से शुरू होगी रामलीला
झनकट। बाबा दरियानाथ आदर्श रामलीला समिति देवरी की रामलीला अपने 44वें वर्ष में प्रवेश करने जा रही है। 21 अक्तूबर से रामलीला मंचन शुरू होगा। इससे पूर्व 20 अगस्त को कलश यात्रा निकाली जाएगी। संवाद
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