श्रीदेव सुमन विवि के कुलपति डा. पीपी ध्यानी ने कहा कि उन्होंने विवि में प्रशासनिक और अकादमिक ढांचे को दुरुस्त करने और नकल विहीन परीक्षा प्रणाली संपादित करने सहित कई कठोर निर्णय लिए गए। कुलपति के रूप में अपने कार्यकाल के दो वर्ष पूर्ण होने पर डा. पीपी ध्यानी ने यहां जारी बयान में अपनी दो सालों की उपलब्धियां गिनाई।
मंगलवार को कुलपति डा. ध्यानी ने बतौर वीसी उनके खिलाफ लगाए गए आरोपों का खंडन करते हुए अपने दो साल के कार्यकाल की उपलब्धियां गिनाई। उन्होंने कहा कि विवि में प्रशासनिक ढांचे को दुरुस्त करने के लिए वित्त अनुभाग से लंबित 80 प्रकरणों का भुगतान कराया गया। विवि में व्याप्त शैक्षणिक भ्रष्टाचार पर भी नकेल कसने का कार्य किया गया है। पूर्व कुलसचिव को विवि में अमर्यादित कार्य करने पर कुलसचिव के पदीय दायित्वों से विरत किया गया। विवि में मानव संसाधन की कमी को देखते हुए अधिकारी और कर्मचारियों द्वारा एक घंटा अतिरिक्त कार्य करने से पूरे प्रदेश में अच्छा संदेश गया है। कुलपति ने कहा कि उनके कठोर निर्णयों से भयभीत होकर कुछ लोग उनके खिलाफ षडयंत्र रच रहे हैं।