टिहरी जिले में विधानसभा चुनाव में इस बार 2339 मतदाता घर बैठे मतदान करेंगे। इनमें 80 वर्ष से अधिक आयु के और दिव्यांग मतदाता शामिल हैं, जो मतदान करने के लिए बूथ तक जाने में असमर्थ है। इन मतदाताओं से पोस्टल बैलेट के माध्यम से मतदान कराने के लिए 215 पोलिंग पार्टियां बनाई गई है। जो दिव्यांग और बुजुर्ग मतदाताओं के घरों पर जाकर मतदान कराएंगे।
भारत निर्वाचन आयोग की पहल पर पहली बार यह व्यवस्था लागू की जा रही है। 80 वर्ष से अधिक आयु वर्ग और दिव्यांग मतदाता जो कि मतदान के दिन पोलिंग बूथ तक अपना वोट डालने जाने में असमर्थ है, वो पोस्टल बैलेट के माध्यम से घर बैठे मतदान करेंगे। टिहरी जिले में 7014 दिव्यांग मतदाता हैं। बीएलओ के माध्यम से इन मतदाताओं प्रपत्र उपलब्ध कराएंगे, जिसमें से 636 मतदाताओं ने पोस्टल बैलेट से मतदान करने के लिए आवेदन किया। जिसमें से 191 आवेदन विभिन्न कारणों से निरस्त भी हुए है। जिले में 80 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के कुल मतदाताओं की संख्या 12 हजार 774 है। जिनमें से 2073 ने पोस्टल बैलेट के लिए आवेदन किया। जबकि 179 आवेदन निरस्त भी हुए है।
अपर जिला निर्वाचन अधिकारी/एडीएम रामजी शरण शर्मा ने बताया कि घनसाली विधानसभा क्षेत्र से 117 दिव्यांग मतदाताओं ने पोस्टल बैलेट के लिए आवेदन किया है। देवप्रयाग में 60, नरेंद्रनगर में 74, प्रतापनगर में 166, टिहरी 142 और धनोल्टी विधानसभा क्षेत्र से 77 दिव्यांग मतदाताओं ने पोस्टल बैलेट के लिए आवेदन किया है। इसी तरह 80 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के मतदाताओं ने पोस्टल बैलेट के लिए घनसाली विधानसभा क्षेत्र से 323, देवप्रयाग 353, नरेंद्रनगर 389, प्रतापनगर 486, टिहरी 279 और धनोल्टी 243 ने आवेदन किया है। बताया कि मतदान कर्मी 4 फरवरी से घर-घर जाकर दिव्यांग और बुजुर्ग मतदाताओं को पोस्टर बैलेट पर मतदान कराएंगे।