थौलधार ब्लाक में खांड-बिड़कोट के काश्तकार गेहूं की बुवाई की तैयारी में जुट गए हैं, लेकिन बीआरओ ऑल वेदर रोड से टूटी नहर को बनाने का काम अभी तक शुरू नहीं कर पाया है। ग्रामीणों ने जल्द नहर का निर्माण नहीं किए जाने पर ऑल वेदर रोड का काम ठप कर दिया जाएगा।
खांड -बिड़कोट की सिंचाई नहर करीब 10 साल पहले चंबा-धरासू हाईवे से क्षतिग्रस्त हो गई थी। तब से ग्रामीण नहर की मरम्मत कराने की मांग करते आ रहे थे, लेकिन गांव आंशिक डूब क्षेत्र में होने के कारण सिंचाई विभाग नहर मरम्मत करने से इनकार कर रहा था। कुछ समय पहले ऑल वेदर रोड बनने से सड़क के नीचे दबे नहर के पाइप पूरी तरह से उखाड़ दिए गए। नहर बनाने की मांग फिर से जोर पकड़ने पर सिंचाई विभाग और बीआरओ ने संयुक्त निरीक्षण करने के बाद सिंचाई विभाग ने चार माह पहले बीआरओ को एक करोड़ का इस्टीमेट बनाकर दिया था, लेकिन बीआरओ ने इतना बजट देने से इनकार करते हुए ऑलवेदर से क्षतिग्रस्त नहर खुद बनाने का आश्वासन दिया था। लेकिन अभी तक नहर निर्माण कार्य शुरू नहीं हो पाया है। गांव के प्रधान चतर सिंह चौहान, बलदेव कुमाईं, नारायण सिंह चौहान, बचन सिंह चौहान और प्रेम सिंह कुमाईं ने कहा कि काश्तकार गांव की 250 नाली खेती पर गेहूं की बुवाई करने वाले हैं, लेकिन बीआरओ ने अभी तक नहर निर्माण कार्य शुरू नहीं किया है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि नहर निर्माण कार्य जल्द शुरू नहीं किया गया, तो राजमार्ग पर चक्का जाम किया जाएगा। इस बाबत बीआरओ के ओसी सनी मदान ने कहा कि खांड-बिड़कोट की क्षतिग्रस्त नहर बनाने का काम जल्द शुरू किया जाएगा।