रुड़की। झबरेड़ा साधन सहकारी समिति के 22 लाख रुपये लूटने की साजिश समिति के ही दो कर्मचारियों ने रची थी। एक कर्मचारी की मदद से दूसरा सोमवार को रकम लेकर बैंक के लिए निकला था। योजना के मुताबिक, रास्ते में उसके चाचा व नौकर ने तमंचा दिखाकर नकदी लूट ली थी। पुलिस ने 20 घंटे में ही दोनों कर्मचारियों समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लूटी गई रकम बरामद कर ली है। वहीं, फरार आरोपी की तलाश की जा रही है।
सोमवार शाम झबरेड़ा सहकारी समिति के दो कर्मचारी आशु और रमेश ने पुलिस को सूचना दी थी कि रुपये बैंक ले जाते समय दो बदमाशों ने उनसे तमंचे के बल पर 22 लाख रुपये लिए। बिना सुरक्षा के इतनी बड़ी रकम ले जाने के चलते पुलिस के शक की सुई समिति कर्मचारियों पर जाकर टिक गई थी। घटना के बाद पुलिस ने समिति अधिकारियों और कर्मचारियों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की थी। मंगलवार को एसएसपी डी सेंथिल अबूदई कृष्णराज एस ने सिविल लाइंस कोतवाली में लूट का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि लूट को समिति कर्मचारी आशु कुमार निवासी ग्राम समसपुर खुंडेवाली थाना झबरेड़ा और सन्नी चौधरी निवासी मोहल्ला गढ़ी बहार थाना झबरेड़ा ने दो अन्य साथियों के साथ अंजाम दिया था।
आशु के नौकर धर्मेंद्र निवासी डेलना और उसके चाचा पंकज निवासी समसपुर खुंडेवाली को भी योजना में शामिल किया गया। आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि आशु ने धर्मेंद्र और पंकज को अग्रवाल फर्नीचर के पास पहुंचने को कहा था। इस दौरान आशु ने 20 लाख 29 हजार 900 रुपये और सन्नी चौधरी ने दो लाख 32 हजार 340 रुपये समिति के एमडी तलवार सिंह से बैंक में जमा कराने को लिए। सन्नी ने तो अपनी रकम अलमारी में ही रख दी, लेकिन आशु समिति के अन्य कर्मचारी रमेश चंद के साथ बाइक से पैसा जमा कराने बैंक के लिए निकल गया। एसएसपी ने बताया कि योजना के अनुसार, रास्ते में धर्मेंद्र व पंकज ने तमंचा दिखाकर रकम से भरा थैला छीन लिया और शिव चौक झबरेड़ा की ओर फरार हो गए। पुलिस ने आशु, सन्नी और पंकज को गिरफ्तारी कर कोर्ट में पेश किया. जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। फरार आरोपी धर्मेंद्र की तलाश की जा रही है।
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रास्ते में बदमाश नहीं मिलने पर एक बार फेल हो गई थी योजना
आरोपी कर्मचारी आशु बेहद शातिर दिमाग है। यही कारण था कि प्लान के मुताबिक, जब बताई गई जगह पर उसके साथी तमंचे लेकर नहीं पहुंचे तो उसने तत्काल प्लान बदल दिया। एसएसपी के अनुसार, पूछताछ में आशु ने बताया कि उसने धर्मेंद्र और पंकज को दो बजे अग्रवाल फर्नीचर के पास रकम छीनने को कहा था, लेकिन जब वे बाइक पर पहुंचे तो दोनों कहीं दिखाई नहीं दिए। तब शातिर दिमाग आशु ने रमेश से झूठ बोलते हुए कहा कि रकम का बाउचर समिति में ही छूट गया है और फिर वे वापस समिति में पहुंचे। इसके बाद दोबारा रवाना हुए तो धर्मेंद्र और पंकज ने तमंचा दिखाकर रकम से भरा थैला छीन लिया।
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घेर में कटी हुई घास में छिपाई थी रकम
पुलिस के अनुसार, आशु ने बताया कि उसने पंकज और धर्मेंद्र को दो-दो लाख रुपये दिए। बाकी के करीब 16 लाख रुपये घेर में कटी हुई घास में छिपाकर रख दी। पुलिस ने आशु से 16 लाख 29 हजार 900 रुपये, पंकज से दो लाख रुपये और सन्नी चौधरी से चार लाख 46 हजार 290 रुपये बरामद किए हैं।
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कहीं महीनों से बनाई जा रही थी लूट की योजना
एसएसपी ने बताया कि आशु की नजर काफी पहले से समिति में जमा होने वाली रकम पर थी। पांच-छह महीने से वह लूट की योजना तैयार कर रहा था। जून में ज्यादा रकम जमा होती है, इसलिए उसने साथियों के साथ मिलकर घटना को अंजाम दिया।
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पुलिस टीम को 2 हजार का इनाम
20 घंटे में लूट के खुलासे के लिए पुलिस महानिदेशक ने पुलिस टीम को 20 हजार के इनाम की घोषणा की है। वहीं, झबरेड़ा निवासी समाजसेवी डॉ. अमन गुप्ता ने भी ढाई हजार के इनाम की घोषणा की है।
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खुलासा करने वाली टीम में ये रहे शामिल
एसपी देहात एसके सिंह, सीओ मंगलौर डीएस रावत, उपनिरीक्षक अर्जुन कुमार, नरेंद्र सिंह रावत, महेंद्र पुंडीर, चिंतामणि सकलानी, हेड कांस्टेबल राजेंद्र सिंह, कांस्टेबल जितेंद्र सिंह, मोहित खंतवाल, नूर हसन, भूपेंद्र, नरेश चंद्र, राजेंद्र सिंह, अंजलि और सीआईयू टीम में एसओजी प्रभारी एनके बचकोटी, एचसीपी देवेंद्र भारती, जाकिर हुसैन, नितिन, सुरेश रमोला, अशोक, महिपाल और रविंद्र खत्री।
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आरोपी कर्मचारियों को निलंबित करने का प्रस्ताव पास
झबरेड़ा। बहुउद्देश्यीय किसान सेवा सहकारी समिति झबरेड़ा की बोर्ड बैठक में लूट के आरोपी कर्मचारियों को निलंबित करने का प्रस्ताव पास कर दिया गया। मंगलवार को उप निबंधक आनंद शुक्ला के नेतृत्व में डायरेक्टर बोर्ड की आपात बैठक बुलाई गई। इस दौरान लूट में आरोपी पाए गए समिति के कर्मचारियों को तत्काल निलंबित करने का प्रस्ताव पास किया गया। इस दौरान सभापति कुलबीर सिंह, सचिव तलवार सिंह, उपसभापति राहुल कुमार, डायरेक्टर सुशील कुमार, राजीव, बालेंद्र कुमार, बबलू कुमार, सुदेश देवी, कमलदीप, महेंद्र सिंह और राजबीर आदि मौजूद थे।