साबिर पाक के सालाना उर्स में अब धीरे-धीरे रौनक बढ़ने लगी है। मेहंदी डोरी की रस्म के साथ शुरू हुआ उर्स अब अपनी रंगत में नजर आ रहा है। स्थानीय और बाहरी दुकानदारों ने जायरीनों को आकर्षित करने के लिए अपनी दुकानों को आकर्षक ढंग से सजाना शुरू कर दिया है।
दरगाह परिसर और आसपास चादर, फूल, इलायची दाना, सोहन हलवा, प्रसाद और अगरबत्ती की दुकानें सज गई हैं। दुकानदार खूबसूरत गुलाब के फूलों और विभिन्न डिजाइन की चादरों से दुकानों को सजा रहे हैं। बड़ी संख्या में जायरीन इन दुकानों से चादर और फूल खरीदकर दरगाह साबिर पाक में पेश कर रहे हैं। उर्स मेले में अस्थायी बाजार भी धीरे-धीरे आकार लेने लगा है।
बाजार में क्रॉकरी, मुरादाबादी बर्तन, चीनी व पीतल के बर्तन, विभिन्न प्रकार के खिलौने, आर्टिफिशियल ज्वेलरी और लकड़ी पर नक्काशी से तैयार आकर्षक सामान की दुकानें लगाई जा रही हैं। बच्चों के मनोरंजन के लिए झूला और सर्कस भी लगाए गए हैं। उर्स में अब जायरीनों की भीड़ भी बढ़ने लगी है। आगामी 25 अगस्त को छोटी रोशनी और 26 को बड़ी रोशनी व ईद मिलादुन्नबी के मौके पर बड़ी संख्या में जायरीनों के कलियर पहुंचने की उम्मीद है। इसे देखते हुए बाजार में भी चहल-पहल बढ़ गई है और दुकानदारों ने बिक्री की तैयारियां तेज कर दी हैं।