भगवानपुर तहसील परिसर में तहसील दिवस में देर से आने पर डीएम ने अधिकारियों को फटकार लगाई। साथ ही भविष्य में कार्यालयों में भी समय से आने के निर्देश दिए। मौके पर पहुंचे अधिकारियों ने 31 फरियादियों की समस्याएं सुनीं। केवल नौ फरियादियों की समस्याओं का ही निदान हो पाया। अन्य शिकायतें संबंधित अधिकारियों को ट्रांसफर कर दी गईं।
मंगलवार को तहसील दिवस में क्षेत्र के ग्राम मानकमजरा, धीरमजरा, सिसोना, चुड़ियाला, डाडा पट्टी, डाडा जलालपुर, हबीबपुर, निवादा, हाल्लुमजरा, रायपुर, दौड़बस्सी, सिरचंदी, खेलपुर, किशनपुर, करौंदी, नन्हेडा, चौल्ली शाहबुद्ीनपुर, बाल्लुपुर, रुहालकी दयालपुर, मक्खनपुर, खुबनपुर आदि गांवों के ग्रामीणों ने समस्याएं सुनीं। भगवानपुर अधिवक्ता एसोसिएशन के अध्यक्ष जितेन्द्र सैनी के नेतृत्व में अधिवक्ताओं ने शिकायत की कि तहसील में कार्य करने वाले कुछ अधिकारी और कर्मचारी जमीनों के दाखिल खारिज करने के लिए आनाकानी करते हैं। दो-दो वर्ष से कुछ फाइलों में लेखपालों की रिपोर्ट नहीं लगी है। इसके चलते पीड़ितों को दो-दो वर्ष तहसील के चक्कर लगाने पड़ रहे हैं।
डीएम ने तहसीलदार और लेखपालों को 10 दिन के अंदर दाखिल खारिज की रुकी फाइलों पर रिपोर्ट लगाने के निर्देश दिए। इस दौरान तहसील दिवस में बिजली, पानी, सड़क, बदहाल सर्विस लेन से संबंधित 31 समस्याएं पहुंचीं। इसमें से नौ समस्याओं का मौके पर ही निस्तारण किया गया। बाकी के लिए संबंधित अधिकारियों को एक सप्ताह का समय दिया गया। तहसील दिवस में डीएम रविशंकर, एसडीएम ब्रिजेश कुमार तिवारी, तहसीलदार रेखा आर्य, नायब तहसीलदार जसपाल सिंह राणा, एसपी देहात प्रमेंद्र सिंह डोबाल, बीडीओ जैन्दर भारद्वाज, सहकारिता विभाग एडीओ कल्याणी देवी, ऊर्जा निगम के जेई विनीत कुमार, स्वास्थ्य विभाग के डॉ. विक्रांत सिरोही आदि मौजूद रहे।
‘फरियादियों से चक्कर कटवाए तो होगी कार्रवाई’
तहसील दिवस के दौरान एसडीएम गोपाल सिंह बिनीवाल ने कहा कि तहसील दिवस के दौरान आने वाली शिकायत को गंभीरता से लेकर शीघ्र निस्तारण करना चाहिए। मंगलवार को तहसील दिवस में 37 शिकायतें आई। इसमें 4 शिकायतों का मौके पर ही निस्तारण कर दिया गया। बाकी शिकायतें संबंधित विभाग को दी गई। तहसील दिवस की शुरुआत एसडीएम गोपाल सिंह विनीवाल एवं मुकेश चंद रमोला ने की। उन्होंने कहा कि अब फरियादियों को बिना मतलब चक्कर कटवाए तो संबंधित अधिकारियों पर कार्रवाई की जाएगी। रेलवे डोमनपुर निवासी ऋषि पाल ने गंगा नदी पर तटबंध की हालत जर्जर बताई। सेठपुर संजीव कुमार ने गांव में जल निकासी करवाने की मांग उठाई। भुरना गांव निवासी राजवीर ने बताया कि कई वर्षों से सरकारी नलकूप खराब पड़े हैं। नगर के प्रीतम सिंह ने सार्वजनिक रास्तों पर हो रखे अतिक्रमण को हटाए जाने के लिए प्रार्थना पत्र दिया।
45 में से तीन शिकायतों का निदान
तहसील दिवस में शिकायत सुनने पहुंचे ज्वाइंट मजिस्ट्रेट के तेवर अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर तल्ख रहे। तहसील में एक पत्र आठ दिन बाद पहुंचने पर उन्होंने नाराजगी जताई। अधिकारियों को सुबह दस से दोपहर बारह बजे तक अनिवार्य रूप से दफ्तर में बैठने को कहा। इस दौरान 45 लोग अपनी-अपनी बिजली, पानी, सड़क की समस्या लेकर पहुंचे। तीन शिकायतों का मौके पर निस्तारण कर दिया गया। कुछ महिलाएं राजेेंद्रनगर में जलभराव की समस्या लेकर पहुंचे। ज्वाइंट मजिस्ट्रेट अंशुल सिंह ने मौके पर नगर आयुक्त और अपर तहसीलदार को एक संयुक्त टीम बनाकर कालोनी का सर्वे कर एक दिन बाद रिपोर्ट देने के निर्देश दिए। इस मौके पर एएसडीएम विजयनाथ शुक्ला, सहायक नगर आयुक्त एसपी गुप्ता, अधिशासी अभियंता आशुतोष तिवारी, अधिशासी अभियंता नंदिता अग्रवाल आदि मौजूद रहे। संवाद