रात के समय हाथियों के झुंड ने गेहूं और गन्ने की फसल को बुरी तरह रौंदा
-किसान वन विभाग से कर रहे हाथियों से फसल की सुरक्षा करने की मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
सुल्तानपुर। चारे की तलाश में बृहस्पतिवार रात हाथियों का एक झुंड नीलधारा गंगा पार कर टांडा भागमल और भोगपुर गांव स्थित किसानों के खेतों में घुस आया। हाथियों ने खेतों में खड़ी गेहूं और गन्ने की फसल को बुरी तरह रौंद दिया। किसान योगेंद्र कुमार, नंदराम, मोहन कुमार, बिट्टू कश्यप, चरण सिंह आदि ने बताया कि वे दिन–रात मेहनत कर फसल तैयार करते हैं और जंगली जानवरों से बचाव के लिए लगातार रखवाली भी कर रहे हैं, लेकिन इसके बावजूद हाथियों के झुंड रात में खेतों में घुसकर भारी नुकसान पहुंचा रहे हैं।
किसानों का कहना है कि उनकी आजीविका पूरी तरह खेती पर निर्भर है। फसलों के नष्ट होने से परिवार के भरण–पोषण पर संकट खड़ा हो गया है। किसानों ने बताया कि वे लंबे समय से वन विभाग से हाथियों की रोकथाम के लिए प्रभावी व्यवस्था की मांग कर रहे हैं, लेकिन समस्या का समाधान अभी तक नहीं हो सका है। इस संबंध में भोगपुर वन विभाग चौकी प्रभारी नारायण सिंह ने बताया कि टांडा भागमल और भोगपुर गांव के पास गंगा किनारे स्थित खेतों में हाथियों द्वारा फसलों को नुकसान पहुंचाने की घटनाएं विभाग के संज्ञान में हैं। रात के समय वन विभाग की टीम ग्रामीणों के साथ मिलकर हाथियों को खेतों से खदेड़ने का प्रयास करती है। इसके लिए टीम हथौड़ी में गंधक-पोटाश डालकर पटाखे चलाकर भी हाथियों को दूर भगाती है। साथ ही किसानों की मांग पर जंगली जानवरों की ओर से किए गए नुकसान का विवरण तैयार कर उच्च अधिकारियों को भेजा जा रहा है।